{"_id":"66b9d6bd94cb628f2005ffde","slug":"australian-envoy-praises-sgt-jagmeet-singh-for-his-inspiring-journey-from-india-to-australian-air-force-2024-08-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Jagmeet Singh: 'भारत से ऑस्ट्रेलिया की वायुसेना तक उनकी...', सार्जेंट सिंह की ऑस्ट्रेलियाई राजदूत ने तारीफ की","category":{"title":"World","title_hn":"दुनिया","slug":"world"}}
Jagmeet Singh: 'भारत से ऑस्ट्रेलिया की वायुसेना तक उनकी...', सार्जेंट सिंह की ऑस्ट्रेलियाई राजदूत ने तारीफ की
Mon, 12 Aug 2024 03:02 PM IST
काव्या मिश्रा
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, कैनबेरा
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, कैनबेरा
Published by: काव्या मिश्रा
Updated Mon, 12 Aug 2024 03:02 PM IST
सार
फिलिप ग्रीन ने कहा कि सार्जेंट जगमीत सिंह की यात्रा भारत की विविधता और बहुसंस्कृतिवाद का अद्भुत उदाहरण है।
विज्ञापन
Sergeant Jagmeet Singh
- फोटो : X/@AusHCIndia
विस्तार
ऑस्ट्रेलियाई उच्चायुक्त फिलिप ग्रीन ने सोमवार को सार्जेंट जगमीत सिंह की भारत से ऑस्ट्रेलियाई वायु सेना तक की प्रेरक यात्रा की प्रशंसा की। साथ ही भारत की विविधता और बहुसंस्कृतिवाद पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि ऑस्ट्रेलिया एक आधुनिक और सांस्कृतिक विविधता वाला देश है, जो 300 से अधिक पूर्वजों के लोगों का घर है।
विज्ञापन
फिलिप ग्रीन ने आगे कहा कि सार्जेंट जगमीत सिंह की यात्रा भारत की विविधता और बहुसंस्कृतिवाद का अद्भुत उदाहरण है।
ऑस्ट्रेलिया एक आधुनिक और बहुसांस्कृतिक देश
उन्होंने सोशल मीडिया मंच एक्स पर कहा, 'ऑस्ट्रेलिया एक आधुनिक और बहुसांस्कृतिक देश है, जो 300 से अधिक पूर्वजों के लोगों का घर है। सार्जेंट जगमीत सिंह की भारत से ऑस्ट्रेलिया की वायु सेना तक की यात्रा आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणादायक है और भारत की विविधता और बहुसंस्कृतिवाद का एक अद्भुत उदाहरण है।'
विज्ञापन
साथियों को पगड़ी पहनना सिखाया
ऑस्ट्रेलिया के रक्षा मंत्रालय ने बताया कि सार्जेंट जगमीत सिंह दिसंबर 2006 में ऑस्ट्रेलिया आए और जनवरी 2007 में रक्षा बल भर्ती में शामिल हुए। सिंह ने मंत्रालय के हवाले से कहा, 'मुझे लगता है कि वायुसेना में पगड़ी पहनने वाला मैं पहला व्यक्ति था। तब से मैंने अपने प्रशिक्षक साथियों को यह सिखाने में मदद की है कि मैं पगड़ी कैसे पहनता हूं और बैज कैसे लगाता हूं।'
विज्ञापन
उन्होंने आगे कहा, 'मुझे उम्मीद है कि मेरी कोशिशों ने भविष्य की पीढ़ियों के मार्ग प्रशस्त किया है।' जगमीत सिंह ने जोर देकर कहा कि भारत में इंडो-पैसिफिक एंडेवर 23 पर ऑस्ट्रेलियाई वायु सेना का प्रतिनिधित्व करना उनके करियर की उल्लेखनीय उपलब्धियों में से एक था।
मैं सिर्फ अपनी भूमिका ही नहीं निभा रहा...
उन्होंने कहा, 'अपने जन्म देश में वापस आकर और जिस झंडे की मैं सेवा करता हूं उसे पहनकर मुझे बहुत गर्व महसूस हुआ। मैं सिर्फ अपनी भूमिका ही नहीं निभा रहा था, मैंने एक भाषाविद् और स्थानीय गाइड के रूप में एक अनौपचारिक भूमिका निभाई। दोनों देशों के बीच एक कड़ी बनना बहुत अच्छा लग रहा है, जो सांस्कृतिक और भाषा बाधाओं को तोड़ने में मदद करता है।'