पाक के परमाणु अप्रसार रिकॉर्ड पर उठे थे सवाल
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उत्तर कोरिया की ओर से पहले हाइड्रोजन बम के सफल परीक्षण के दावे से एक महीने पहले शीर्ष अमेरिकी सांसदों और विशेषज्ञों ने पाकिस्तान के परमाणु प्रसार के इतिहास और उत्तर कोरिया जैसे देशों के परमाणु हथियार हासिल करने में सहयोग को लेकर चिंता जताई थी।
करीब एक महीने पहले कांग्रेस में एक सुनवाई के दौरान यह मुद्दा उठा था जब शीर्ष अमेरिकी कांग्रेस सदस्यों और विशेषज्ञों ने पाकिस्तान के अधिकारियों एवं वैज्ञानिकों के पूर्व में लीबिया तथा उत्तर कोरिया जैसे देशों के साथ संवेदनशील परमाणु प्रौद्योगिकी साझा करने की कोशिशों की तरफ इशारा करते हुए उसके साथ एक असैन्य परमाणु समझौते के विचार का विरोध किया था।
अस्थिर देशों को बेची तकनीकें
अमेरिकी कांग्रेस के सदस्य और आतंकवाद, अप्रसार एवं व्यापार संबंधित सदन की
विदेश मामलों की उपसमिति के प्रमुख टेड पो ने 8 दिसंबर, 2015 को कांग्रेस
की सुनवाई के दौरान कहा था, ‘समझा जाता है कि ए क्यू खान नेटवर्क ने दुनिया
के सबसे अस्थिर देशों को संवेदनशील परमाणु तकनीकें बेचीं।’
ए क्यू खान
पाकिस्तान की परमाणु बम परियोजना से जुडे़ यूरेनियम संवर्द्धन कार्यक्रम के
जनक हैं। पो ने कहा था, ‘खान नेटवर्क ने उत्तर कोरिया की उसके यूरेनियम
संवर्द्धन कार्यक्रम को कार्यशील बनाने में मदद की। खान ने उसी दौरान
लीबिया को भी गोपनीय डिजाइन और परमाणु हथियारों के घटक बेचे।