क्या है अमेरिका की नई आप्रवासन प्रणाली?
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अमेरिका के राष्ट्रपति बराक ओबामा ने आप्रवासन व्यवस्था में अब तक के सबसे बड़े फेरबदल की घोषणा की है। आखिर आप्रवासन व्यवस्था में क्या खराबियां थीं और क्या होंगे फेरबदल। आइए जानते हैं किस तरह से खराब है आप्रवासन व्यवस्था?
-इस समय अमेरिका में एक करोड़ दस लाख (11 मिलियन) लोग ऐसे हैं जिनके कोई दस्तावेज नहीं हैं। ये लोग काम करते हैं, पैसे लेते हैं यानी सरकार को ये कोई टैक्स नहीं देते हैं।
-डेमोक्रेट और रिपब्लिकन दोनों इस चीज़ को बदलना चाहते रहे हैं लेकिन तरीकों को लेकर विवाद रहा है इसलिए मुद्दा राजनीतिक हो गया।
-दोनों पक्षों में इस बात पर मतभेद है कि कैसे सीमा की सुरक्षा को सुनिश्चित किया जाए और अवैध आप्रवासियों को वापस भेजा जाए।
-इसी साल दक्षिण अमेरिकी देशों से हज़ारों की संख्या में बच्चे अमेरिका में अवैध रुप से प्रवेश करते हुए पकड़े गए। ऐसे बच्चे विभिन्न केंद्रों में हैं और इन्हें वापस भेजने की प्रक्रिया जटिल है। राष्ट्रपति ओबामा इसे मानवीय त्रासदी मानते हैं।
-उधर आप्रवासियों की मांग है कि उन्हें वापस न भेजा जाए और अमेरिका में काम करने की अनुमति दी जाए।
ओबामा की घोषणा में क्या-क्या है?
1-ओबामा ने अपने विशेषाधिकारों का प्रयोग करते हुए वैध आप्रवासन को एक दिशा देने की कोशिश की है ताकि जिन्हें संभव हो उन्हें नागरिकता मिल जाए और अवैध अप्रवासन को कम किया जा सके।
2-ओबामा की योजना है कि अतिरिक्त संसाधनों को अमेरिका-मैक्सिको सीमा पर लगाया जाए ताकि अवैध आप्रवासन पर लगाम लगे और साथ कोर्ट में लंबित केसों का जल्दी समाधान हो सके।
3-राष्ट्रपति ने आप्रवासन से जुड़े अधिकारियों को निर्देश दिया है कि उन लोगों को जल्दी से जल्दी वापस भेजा जाए जो राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए खतरा हैं, गंभीर अपराधी हैं या फिर उन्होंने हाल में सीमा पार की है।
4-इसके साथ ही लोगों की पृष्ठभूमि की जांच के बाद उन्हें एक बार में तीन साल तक अमेरिका में काम करने की सुविधा की भी घोषणा की गई है।
5-राष्ट्रपति की घोषणा से कम से कम पचास लाख आप्रवासी प्रभावित होंगे।