{"_id":"5c0302b9bdec2241471f66b4","slug":"nasa-robotic-lander-ready-to-solve-mars-build-bundles","type":"story","status":"publish","title_hn":"मंगल निर्माण की गुत्थियां सुलझाने को तैयार नासा का ‘रोबोटिक लैंडर’","category":{"title":"America","title_hn":"अमेरिका","slug":"america"}}
मंगल निर्माण की गुत्थियां सुलझाने को तैयार नासा का ‘रोबोटिक लैंडर’
एजेंसी, लास एंजिल्स।
Updated Sun, 02 Dec 2018 03:22 AM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक तस्वीर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मानवरहित रोबोटिक इनसाइट उतारने में बड़ी सफलता हाथ लगी है। मंगल ग्रह के निर्माण की गुत्थियों को समझने के उद्देश्य से नासा द्वारा भेजा गया रोबोटिक लैंडर इनसाइट सफलतापूर्वक मंगल ग्रह पर उतरने में कामयाब रहा।
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी ने शुक्रवार को रोवर की इस सफलता को साझा करते हुए कहा कि हमें उम्मीद है कि इसके मुख्य दो उपकरण-भूकंप सेंसर और सतह से नीचे की ऊष्मा को मापने वाला सेल्फ हेमरिंग मोल वैसे ही काम करेगा जैसी योजना इस संबंध में तैयार की गई थी। नासा ने एक बयान में कहा, ‘यह रोबोटिक यान धूल और बालू से भरे एक क्रेटर पर उतरा है, जिसे हॉलो नाम से जाना जाता है।’
इनसाइट को सतह पर 15 डिग्री तक झुककर काम करने के लिहाज से तैयार किया गया है। रोबोटिक लैंडर ने मंगल ग्रह पर अपने आसपास की पहली तस्वीर भी भेजी है। इस तस्वीर में कुछ चट्टानें दिख रही हैं। आने वाले दिनों में रोबोटिक लैंडर मंगल ग्रह की अच्छी तस्वीरें भेजेगा क्योंकि यह अपने दो कैमरों पर लगी धूल की परत को साफ कर देगा। इस दो वर्षीय मिशन का लक्ष्य मंगल ग्रह के निर्माण की गुत्थियों को सुलझाने का है।
विज्ञापन
विज्ञापन
अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी ने शुक्रवार को रोवर की इस सफलता को साझा करते हुए कहा कि हमें उम्मीद है कि इसके मुख्य दो उपकरण-भूकंप सेंसर और सतह से नीचे की ऊष्मा को मापने वाला सेल्फ हेमरिंग मोल वैसे ही काम करेगा जैसी योजना इस संबंध में तैयार की गई थी। नासा ने एक बयान में कहा, ‘यह रोबोटिक यान धूल और बालू से भरे एक क्रेटर पर उतरा है, जिसे हॉलो नाम से जाना जाता है।’
विज्ञापन
इनसाइट को सतह पर 15 डिग्री तक झुककर काम करने के लिहाज से तैयार किया गया है। रोबोटिक लैंडर ने मंगल ग्रह पर अपने आसपास की पहली तस्वीर भी भेजी है। इस तस्वीर में कुछ चट्टानें दिख रही हैं। आने वाले दिनों में रोबोटिक लैंडर मंगल ग्रह की अच्छी तस्वीरें भेजेगा क्योंकि यह अपने दो कैमरों पर लगी धूल की परत को साफ कर देगा। इस दो वर्षीय मिशन का लक्ष्य मंगल ग्रह के निर्माण की गुत्थियों को सुलझाने का है।
विज्ञापन