कॉल सेंटर घोटाले में भारतीय अमेरिकी महिला ने जुर्म कबूला
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अमेरिका के अल्बामा में रहने वाली एक भारतीय मूल की अमेरिकी महिला ने भारत में कॉल सेंटर चलाकर किए गए लाखों डॉलर के घोटाले में खुद के शामिल होने की बात स्वीकार की है। भारत में चलाए गए इस फर्जी कॉल सेंटर के माध्यम से अमेरिकी लोगों से लाखों डॉलर की ठगी की गई थी।
नीलम पारीक (46 वर्ष) ने अमेरिका के टेक्सास कोर्ट के जज डेविड हिटनर के सामने अपना जुर्म कुबूल कर लिया है। अमेरिका के न्यायिक विभाग ने बृहस्पतिवार को बताया कि नीलम पारीक ने तीन अन्य भारतीय मूल के नागरिकों समेत अपना जुर्म कबूल कर लिया है। इस मामले में कोर्ट 11 अगस्त को सजा सुनाएगा। कोर्ट में दाखिल याचिका के मुताबिक पारीक और उसके साथियों ने अमेरिका में रहने वाले नागरिकों को फसाने के लिए एक जटिल स्कीम तैयार कर रखी थी।
यह लोग भारत के अहमदाबाद से बैठकर खुद को ‘आईआरएस’ और ‘अमेरिकी नागरिकता और अप्रवासन सेवा’ का अधिकारी बता कर अमेरिकियों को ठगी का शिकार बनाते थे। डेटा बेचने वाले दलालों और अन्य सूत्रों के माध्यम से यह लोग नंबर निकाल कर उन्हें कॉल करते थे और कथित तौर पर सरकार का बकाया पैसा न वापस करने पर गिरफ्तारी, जेल भिजवाने और जुर्माना लगाने की धमकी देते थे।
गौरतलब है कि पिछले साल अक्टूबर में एक संघीय ग्रैंड ज्यूरी ने पटेल समेत 50 अन्य लोगों और भारत स्थित पांच कॉल सेंटरों पर धोखाधड़ी और मनी लांड्रिंग मामले में आरोप तय किया था।