इन्हें काट डालो तो भी दर्द नहीं होगा!

Avanish Pathak Updated Sun, 11 Nov 2012 06:16 PM IST
if you could not know your own mouth to chew
कल्पना कीजिए कि दर्द शब्द दुनिया से ग़ायब हो जाए। सुनने में ये जरूर अच्छा लग सकता है, लेकिन इससे कई तरह की दिक्कतें आ सकती हैं।

अमरीका के वॉशिंगटन में रहने वाले स्टीव पीट इस दर्दरहित दुनिया की परेशानियों का कटु अनुभव कर रहे हैं।

दरअसल, स्टीव कान्जेनिटल एनाल्जेसिया नामक एक आनुवंशिक बीमारी से ग्रस्त हैं। इस बीमारी के चलते उन्हें किसी भी तरह के शारीरिक दर्द का अनुभव नहीं होता।

स्टीव का अंगूठा दबाने पर उन्हें कुछ पता नहीं चलता। यही नहीं, दांत उखड़वाने के लिए उन्हें किसी तरह की बेहोशी की दवा नहीं लेनी पड़ी क्योंकि इसकी उन्हें जरूरत ही नहीं थी।

अपने जीवन में उन्होंने आज तक सिर दर्द नहीं हुआ।

लेकिन दर्द शरीर के एक प्रमुख जैविक चेतावनी तंत्र का हिस्सा है। दर्द से हमें ये भी अहसास होता है कि हम क्या सही कर रहे हैं, क्या गलत कर रहे हैं। कौन सा काम हमें रोक देना चाहिए।

स्टीव का मामला उस वक्त सामने आया जब बचपन में उनके दांत उखड़े थे और एक बार वे बिना किसी दर्द के अपनी जीभ का कुछ हिस्सा ही चबा गए थे।

जैसे-जैसे वे बढ़ते गए, उनकी समस्या जटिल होती गई।

आनुवांशिक बीमारी?
हालांकि उनका एक भाई और है। साथ ही तीस वर्षीय विवाहित स्टीव के एक बच्चा भी है, लेकिन इस तरह की समस्या उनके अलावा और किसी को नहीं है।

उन्हें इसकी कीमत भी चुकानी पड़ी। वो बताते हैं, “बचपन में जब आपकी टांग टूट जाती है तो दर्द होता है और आप दोबारा वो गलती नहीं करते हैं। लेकिन यदि दर्द का अनुभव न हो तो आपकी टांग बार-बार जख्मी होती रहती है और आप बेपरवाह बने रहते हैं।”

इस वक्त स्टीव एक अध्ययन शिविर में हिस्सा ले रहे हैं जहां उनकी स्थिति पर चर्चा हो रही है। वे उन चार लोगों में शामिल हैं, जिन पर ये अध्ययन हो रहा है।

यहां कुछ लोग ऐसे भी हैं, जिन्हें हर वक्त दर्द होता रहता है। बीस वर्षीय पीटर कभी हाथ में तो कभी पैर में दर्द का अनुभव करते रहते हैं।

इन कुछेक मामलों पर अध्ययन के जरिए वैज्ञानिक दर्द से जुड़े परिपथों की जटिलता और उनकी वजहों के बारे में शोध करना चाहते हैं।

साथ में ये भी पता करने की कोशिश कर रहे हैं कि दर्द को अनुभव करने में मस्तिष्क की क्या भूमिका होती है।

एक ही आघात से अलग-अलग व्यक्तियों में भिन्न मात्रा में दर्द होता है। वैज्ञानिक इन कारणों पर भी अध्ययन कर रहे हैं।

दर्द के बारे में ये कार्यशाला लंदन के साइंस म्यूजियम में आठ नवंबर से जुलाई 2013 तक चलेगी।

"बचपन में जब आपकी टांग टूट जाती है तो दर्द होता है और आप दोबारा वो गलती नहीं करते हैं। लेकिन यदि दर्द का अनुभव न हो तो आपकी टांग बार-बार जख्मी होती रहती है और आप बेपरवाह बने रहते हैं।"
स्टीव ‌पीट, मरीज

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news, Crime all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

Spotlight

Most Read

America

ट्रंप प्रशासन का 1 साल, PM मोदी से पक्की दोस्ती और भारत को माना खास

ट्रंप प्रशासन ने शनिवार को अपना एक साल पूरा कर लिया। भारत और अमेरिका के संबंध पिछले एक साल के दौरान काफी अच्छे रहे।

20 जनवरी 2018

Related Videos

रविवार के दिन मौज-मस्ती के बीच इन चीजों से रहें दूर

जानना चाहते हैं कि रविवार को लग रहा है कौन सा नक्षत्र, दिन के किस पहर में करने हैं शुभ काम और कितने बजे होगा सोमवार का सूर्योदय? देखिए, पंचांग गुरुवार 21 जनवरी 2018।

20 जनवरी 2018

  • Downloads

Follow Us

Read the latest and breaking Hindi news on amarujala.com. Get live Hindi news about India and the World from politics, sports, bollywood, business, cities, lifestyle, astrology, spirituality, jobs and much more. Register with amarujala.com to get all the latest Hindi news updates as they happen.

E-Paper