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हकीमुल्ला की मौत पर अमेरिका ने दिया जवाब
Updated Sun, 03 Nov 2013 10:51 AM IST
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अमेरिका ने पाकिस्तान के इन आरोपों का जवाब दिया है कि ड्रोन हमले में पाकिस्तानी तालिबान के नेता हकीमुल्ला महसूद की मौत से पाकिस्तान सरकार की शांति वार्ता की कोशिशें बर्बाद हो गई हैं।
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अमेरिकी विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा कि तालिबान के साथ बातचीत पाकिस्तान का अंदरूनी मामला है।
बयान के मुताबिक अभी तक इस बात की पुष्टि नहीं की जा सकती है कि महसूद शुक्रवार को मारा गया है या नहीं। अमेरिकी विदेश मंत्रालय के बयान में इस बात पर जोर दिया गया है कि चरमपंथी हिंसा को खत्म करना पाकिस्तान और अमेरिका दोनों के ही रणनीतिक हित में है।
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उधर, पाकिस्तान में अमेरिकी राजदूत को तलब कर शुक्रवार को हुए ड्रोन हमले पर विरोध जताया गया जिसमें महसूद के मारे जाने की बात कही जा रही है।
'शांति कोशिशों पर हमला'
इससे पहले पाकिस्तान के गृह मंत्री चौधरी निसार अली खान ने कहा कि इस हमले में तालिबान नेता की मौत 'सिर्फ एक आदमी की मौत नहीं है, बल्कि ये सभी शांति प्रयासों की भी मौत है।'
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ये हमला ऐसे समय में हुआ है जब एक दिन बाद ही पाकिस्तानी शिष्टमंडल महसूद से मिलने उत्तरी वजीरिस्तान जाने वाला था।
निसार ने अमेरिका पर तालिबान के साथ शांति प्रयासों को धक्का पहुंचाने का आरोप लगाया और कहा कि अमेरिका के साथ हर तरह के सहयोग पर नए सिरे से विचार किया जाएगा।
वहीं सूचना मंत्री परवेज रशीद ने कहा, "अमेरिका ने ड्रोन के जरिए शांति वार्ता पर हमला करने की कोशिश की है लेकिन हम इस नाकाम नहीं होने देंगे।"
दूसरी तरफ अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता ने कहा, "तहरीके तालिबान के साथ बातचीत करना या ना करना पाकिस्तान का अंदरूनी मामला है, और आप इस बारे में ज्यादा जानकारी पाकिस्तान की सरकार से ही लें।"
अमेरिकी प्रवक्ता ने कहा, "पाकिस्तान के साथ संबंधों के सभी पहलुओं और चरमपंथी हिंसा को खत्म करने के साझा रणनीतिक हितों को लेकर हमारी बातचीत जारी है ताकि क्षेत्र को अधिक समृद्ध, स्थिर और शांतिपूर्ण बनाया जा सके।"
पाकिस्तानी प्रधानमंत्री देश में जारी चरमपंथी हिंसा को रोकने की कोशिश तालिबान से बातचीत करना चाहते थे।