Chinese App Ban in India: प्रतिबंध से टिकटॉक की 75 अरब की योजना को लगा धक्का

भारत में टिकटॉक पर लगे प्रतिबंध से कंपनी के भारतीय बाजार में विस्तार पर होने वाली एक बिलियन डॉलर यानी करीब 75 अरब रुपये से अधिक की योजना अब ठंडे बस्ते में चली गई है। भारत सरकार ने सोमवार को 59 चाइनीज एप्स पर प्रतिबंध लगाया है जिसमें टिकटॉक, यूसी ब्राउजर और कैम स्कैनर जैसे लोकप्रिय एप्स के नाम शामिल हैं। सरकार द्वारा प्रतिबंध लगाए जाने के बाद टिकटॉक प्ले-स्टोर और एपल के एप स्टोर से गायब हो गया है, वहीं एयरटेल जैसी टेलीकॉम कंपनियों ने भी अपने नेटवर्क पर टिकटॉक को ब्लॉक कर दिया है।
भारत-चीन सीमा विवाद के बाद से ही चाइनीज प्रोडक्ट के बहिष्कार की बात हो रही थी। कुछ दिन पहले ही खुफिया एजेंसियों ने 52 चाइनीज एप्स को लेकर अलर्ट जारी किया था, हालांकि सरकार के 59 एप्स के प्रतिबंध वाले आदेश में सीमा विवाद की चर्चा नहीं है। भारत सरकार ने इन एप्स पर प्राइवेसी और सिक्योरिटी को लेकर प्रतिबंध लगाया है।
बैन हुए एप में से एक एप की कंपनी के वकील ने एक समाचार एजेंसी से बताया कि अगर सरकार इस आदेश को वापस नहीं लेती है तो इन कंपनियों को भारत से अपने कारोबार को समेटना होगा जिसका खामियाजा बेरोजगारी के रूप में भुगतना होगा।
सरकार के प्रतिबंध से बाइटडांस को बड़ा नुकसान
वैसे तो सरकार ने कई कंपनियों के एप्स पर प्रतिबंध लगाया है लेकिन इसमें सबसे ज्यादा नुकसान बाइटडांस (ByteDance) को हुआ है। बता दें कि बाइटडांस टिकटॉक की पैरेंट कंपनी है। हेलो एप भी बाइटडांस की है। पिछले साल बाइटडांस के कई वरिष्ठ अधिकारियों ने अपने कारोबार के विस्तार के लिए भारत में एक बिलियन डॉलर्स यानी करीब 75 अरब रुपये के निवेश की बात कही थी लेकिन सरकार के एक फैसले से कंपनी की यह योजना पटरी से उतर गई है। टिकटॉक के पूरी दुनिया में दो अरब यूजर्स हैं जिनमें से 30 फीसदी भारत में हैं।
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