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अब मुसीबत बना वाट्स एप, खिलाड़ियों की शिकायत से जूझ रहे अधिकारी
हेमंत रस्तोगी/अमर उजाला, नई दिल्ली
Updated Fri, 08 Jul 2016 04:07 PM IST
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रियो ओलंपिक के लिए खिलाड़ियों की समस्याओं के निपटारे को बनाया गया वाट्स एप ग्रुप खेल संघों के लिए मुसीबत बन गया है। छोटी से छोटी समस्या को खिलाड़ी फोटो के साथ इस ग्रुप पर डाल रहे हैं, जिस पर खेल सचिव से लेकर साई महानिदेशक सीधे तौर पर कार्रवाई कर रहे हैं।
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इस बार अलमाटी (कजाखस्तान) में ट्रेनिंग कर रहे चार गुणा सौ मीटर रिले टीम के सदस्यों ने घटिया रिहायश की शिकायत इस ग्रुप पर की। साई महानिदेशक फौरन इस पर हरकत में आ गए। उन्होंने तुरंत एथलेटिक फेडरेशन ऑफ इंडिया से एथलीटों को अच्छे स्थान पर रुकवाने को कहा।
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फेडरेशन ने छानबीन कर जब रिहायश के फोटो मंगवाए तब एथलीट शिकायत से पलट गए। चार गुणा सौ मीटर रिले में नेशनल रिकार्ड बनाने वाली पुरुष और महिला टीम अलमाटी में बीते सप्ताह से तैयारियां कर रही है।
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शुरुआत में टीमों को अच्छे स्थान पर रुकवाया गया, लेकिन बाद में उन्हें किसी अन्य स्थान पर शिफ्ट कर दिया गया। एथलीटों के मुताबिक यह स्थितियां रहने लायक नहीं थी।
एथलीटों ने इसके बाद रिहायश के फोटो वाट्स एप ग्रुप पर अपलोड कर मंत्रालय और साई को स्थिति से अवगत कराते हुए रिहायश को बदलने की मांग की। शिकायत के बाद ही साई महानिदेशक इंजेती श्रीनिवास ने फेडरेशन से इस पर कार्रवाई करने को कहा।
फेडरेशन ने जब महिला टीम की सदस्यों से रिहायश की बात की तो उन्होंने कोई समस्या नहीं बताई। उन्होंने रिहायश के फोटो को भी फेडरेशन को भेज दिया। फेडरेशन ने जब इन फोटो को साई के पास भेजा तो एथलीटों से जवाब मांगा गया तब उन्होंने चुप्पी साध ली।
एएफआई के अध्यक्ष आदिल सुमारीवाला का कहना है कि एथलीटों की यह शिकायत तथ्यहीन थी। उनसे इस बारे में बात की गई है।
इससे पहले पोलैंड में वॉकरों ने खाने और रहने की शिकायत मंत्रालय से की थी। उन्हें तत्काल बंगलूरू बुलाने को कहा गया था, लेकिन फेडरेशन की कड़ाई के बाद एथलीट बाद में अपनी शिकायत से पलट गए थे।