फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Spirituality ›   Wellness ›   osho vani on leela of good

इस तरह भगवान की लीला समझने वाला जीते जी मुक्ति पा लेता है

Fri, 20 Mar 2015 03:31 PM IST
ओशो/अध्यात्मिक गुरु
ओशो/अध्यात्मिक गुरु Updated Fri, 20 Mar 2015 03:31 PM IST
विज्ञापन
osho vani on leela of good

भारतीय गहरी खोज है कि परमात्मा के लिए सृष्टि का कोई काम नहीं है, कोई मतलब नहीं है, कोई प्रयोजन नहीं है सब खेल है। इसलिए हमने इसे लीला कहा है। लीला जैसा शब्द दुनिया में किसी भाषा में नहीं है। क्योंकि लीला का अर्थ होता है कि सारी सृष्टि एक निष्प्रयोजन खेल है। इसमें कोई प्रयोजन नहीं है।

विज्ञापन


लेकिन परमात्मा आनंदित हो रहा है, बस। जैसे सागर में लहरें उठ रही हैं, वृक्षों में फूल लग रहे हैं, आकाश में तारे चल रहे हैं, सुबह सूरज उग रहा है, सांझ तारों से आकाश भर जाता है। यह सब उसके होने का आनंद है। वह आनंदित है।
विज्ञापन


पढ़ें,सूर्य ग्रहण का आपकी राशि पर क्या प्रभाव पड़ेगा

लीला का एक अर्थ यह भी है कि वही है इस तरफ, वही है उस तरफ; दोनों बाजियां उसकी। हारेगा भी, तो भी वही; जीतेगा तो भी वही। फिर भी मजा ले रहा है। हाइड एंड सीक, खुद को छिपा रहा है और खुद को ही खोज रहा है। कोई प्रयोजन नहीं है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पढ़ें,आर्थिक परेशानी से बचें, नहीं करें इस समय धन का लेन देन

इसी तरह अगर हम जिंदगी को एक काम समझते हैं, तो हमारी जिंदगी में एक बोझ होगा। और अगर जिंदगी को हम खेल यानी लीला समझते हैं, तो जिंदगी निर्बोझ हो जाएगी। धार्मिक आदमी वह है, जिसके लिए सभी कुछ खेल हो गया। और अधार्मिक आदमी वह है, जिसके लिए खेल भी खेल नहीं है, उसमें भी जब काम निकलता हो कुछ, तो ही। धार्मिक आदमी वह है, जिसके लिए सब लीला हो गई। उसे कोई अड़चन नहीं है कि ऐसा क्यों हो रहा है? ऐसा क्यों नहीं हो रहा है? यह बुरा आदमी क्यों है? यह भला आदमी क्यों है?


निष्प्रयोजन लीला की दृष्टि से, वह जो बुरे में छिपा है, वह भी वही है। वह जो भले में छिपा है, वह भी वही है। रावण में भी वही है, राम में भी वही है। दोनों तरफ से वह दांव चल रहा है। और वह अकेला है। अस्तित्व अकेला है।

इस अस्तित्व के बाहर कोई लक्ष्य नहीं है। इसलिए जो आदमी अपने जीवन में लक्ष्य छोड़ दे और वर्तमान के क्षण में ऐसा जीने लगे, जैसे खेल रहा है, वह आदमी यहीं और अभी परमात्मा का अनुभव करने में सफल हो जाता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें आस्था समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। आस्था जगत की अन्य खबरें जैसे पॉज़िटिव लाइफ़ फैक्ट्स, परामनोविज्ञान समाचार, स्वास्थ्य संबंधी योग समाचार, सभी धर्म और त्योहार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed