फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Spirituality ›   Metaphysical ›   I am also eats from farming

क्या हुआ जब किसान ने बुद्ध को भिक्षा देने से मना किया?

Mon, 03 Nov 2014 09:00 AM IST
आचार्य चतुरसेन
आचार्य चतुरसेन Updated Mon, 03 Nov 2014 09:00 AM IST
विज्ञापन
I am also eats from farming

तथागत भिक्षाटन के दौरान एक बार काशी में किसी किसान के घर चले गए और भिक्षा पात्र आगे बढ़ाया। किसान ने एक बार उन्हें ऊपर से नीचे तक देखा। बुद्ध का शरीर पूर्णांग था। वह किसान भिक्षा या दान-पुण्य को फालतू मानता था।

विज्ञापन


बुद्ध को गहरी नजर से देखता हुआ वह बोला, मैं तो किसान हूं। परिश्रम करके अपना पेट भरता हूं। साथ में और भी कई व्यक्तियों का। तुम क्यों बिना परिश्रम किए भोजन प्राप्त करना चाहते हो?
विज्ञापन


पढ़ें नवंबर महीने का राशिफल विस्तार से

बुद्ध ने अत्यंत ही शांत स्वर में उत्तर दिया, मैं भी किसान हूं। मैं भी खेती करता हूं। किसान को यह सुनकर आश्चर्य हुआ। उसने पूछा, फिर आप भिक्षा क्यों मांग रहे हैं?
विज्ञापन
विज्ञापन


भगवान बुद्ध ने किसान की शंका का समाधान करते हुए कहा, हां वत्स! मैं भी खेती करता हूं। पर वह खेती आत्मा की है। मैं ज्ञान के हल से श्रद्धा के बीज बोता हूं। उसे तपस्या के जल से सींचता हूं। विचारशीलता इस हल की फाल है।

पढ़ें, शनि आए वृश्चिक राशि में, आपकी राशि पर क्या असर डालेंगे?

सतत अभ्यास का यान मुझे उस गंतव्य की ओर ले जा रहा है, जहां न दुख है, न संताप। मेरी इस खेती से अमरता की फसल लहलहाती है। तुम मुझे अपनी फसल का कुछ भाग दो, और मैं भी तुम्हें अपना अर्जित बांटूं, तो सौदा अच्छा रहेगा।


फिर भी किसान को संतोष न हुआ। कुछ पल ही बीते थे कि बुद्ध के पीछे आ रहे भिक्षुकों का एक दल वहां आ गया। उस दल में शामिल काशी के सेट्टिपुत्र गोशाल को किसान ने पहचान लिया। गोशाल के पिता से वह अक्सर उधार लिया करता था।

किसान ने गोशाल को उसके पिता के परिचय से ही पुकारा। गोशाल ने उसके सामने ही बुद्ध को प्रणाम किया। यह देखकर किसान के सारे तर्क गिर गए। उसका मुंह आश्चर्य से खुला ही रह गया। वह तथागत के चरणों में अवनत हो गया।

विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें आस्था समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। आस्था जगत की अन्य खबरें जैसे पॉज़िटिव लाइफ़ फैक्ट्स, परामनोविज्ञान समाचार, स्वास्थ्य संबंधी योग समाचार, सभी धर्म और त्योहार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed