यूजी प्रथम और द्वितीय वर्ष के हजारों विद्यार्थी होंगे प्रमोट, अब ईसी में लगेगी मुहर
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अकादमिक काउंसिल की स्टैंडिंग कमेटी ने यूजी के प्रथम और द्वितीय वर्ष के हजारों विद्यार्थियों को प्रमोट करने को हरी झंडी दे दी है। अब इस प्रस्ताव को विवि की कार्यकारी परिषद की 21 नवंबर को होने वाली बैठक में अंतिम मंजूरी दे दी जाएगी। प्रदेश सरकार के हजारों छात्रों को प्रमोट करने के फैसले के बाद मामला अकादमिक काउंसिल की स्टैंडिंग कमेटी की बैठक में गया था। यहां से अब अंतिम मंजूरी को इसे ईसी में जाया जा रहा है। 21 नवंबर को होने वाली कार्यकारी परिषद की बैठक में विवि और इससे संबद्ध संस्थानों के शिक्षकों के कुछ पदों के लिफाफे खुलने की संभावना है। विवि ने यूआईटी के नए शुरू किए तीन और पुराने दो बीटेक कोर्स को पढ़ाने के लिए शिक्षकों के पदों के साक्षात्कार करवा लिए हैं।
इसके अलावा, रीजनल सेंटर धर्मशाला, पीजी सेंटर और अन्य संस्थानों के शिक्षकों के पदों के हो चुके साक्षात्कार के परिणाम भी बैठक में घोषित किए जा सकते हैं। विवि प्रशासन ने शिक्षक भर्ती प्रक्रिया को लेकर जिस तरह से गंभीरता दिखाई है, उससे उम्मीद है कि बैठक में ही इसके परिणाम के लिफाफे भी खोल दिए जाएंगे। ईसी की इस बैठक में कोरोना के कारण इस बार पीजी कोर्स और विवि के यूजी डिग्री कोर्स करवाने वाले संस्थानों में देरी से हुए दाखिले और कक्षाओं के बरबाद हुए समय को कवर करने को सर्दियों की छुट्टियों में भी कक्षाएं जारी रखने पर फैसला संभावित है। सप्ताह में छह दिन कक्षाएं चलाई जा सकती हैं। कक्षाएं ऑनलाइन लगेंगी या कैंपस में इस पर फैसला होना है।
कई विभागों में शुरू हुईं ऑनलाइन कक्षाएं
विवि के कुछ विभागों में प्रथम सेमेस्टर की ऑनलाइन कक्षाएं शुरू भी हो चुकी हैं। यूजीसी के शेड्यूल के अनुसार जिन विभागों में प्रवेश की प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। वहां शिक्षकों ने व्हाट्सएप, गूगल मीट ग्रुप बनाने और पहले से बने ग्रुप में कक्षाएं शुरू भी कर दी हैं।