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Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Himachal Technical University students will be promoted by giving one time exemption

एकमुश्त छूट देकर प्रमोट होंगे हिमाचल तकनीकी विवि के विद्यार्थी

Sat, 19 Sep 2020 08:05 PM IST
Krishan Singh अमर उजाला नेटवर्क, हमीरपुर
अमर उजाला नेटवर्क, हमीरपुर Published by: Krishan Singh Updated Sat, 19 Sep 2020 08:05 PM IST
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Himachal Technical University students will be promoted by giving one time exemption
तकनीकी विवि - फोटो : अमर उजाला

कोरोना के चलते एकमुश्त छूट देकर तकनीकी विवि के विद्यार्थी प्रमोट किए जाएंगे। यह कहना है तकनीकी शिक्षा, सूचना प्रौद्योगिकी और जनजातीय विकास मंत्री डॉ. रामलाल मारकंडा का। उन्होंने शनिवार को हमीरपुर के निकट मटाहणी में स्थित हिमाचल प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय के परिसर में अत्याधुनिक वेब स्टूडियो और डाटा सेंटर का उद्घाटन किया। वेब स्टूडियो को रेडियो से भी जोड़ा जाएगा।  उन्होंने कहा कि ऊंचे और सुंदर भवनों से नहीं, बल्कि उत्कृष्ट परीक्षा परिणाम से संस्थान का आकलन होता है। जिस संस्थान के विद्यार्थी के पास नया आइडिया या मॉडल नहीं, उस यूनिवर्सिटी का कोई महत्व नहीं। यही नियम उस यूनिवर्सिटी के शिक्षक पर भी लागू होते हैं। रिसर्च वर्क और शोध पत्रिका से अच्छे शिक्षक की पहचान होती है।

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आवासीय भवनों तथा जनजातीय छात्रावास के निर्माण की प्रक्रिया भी अगले सत्र से शुरू कर दी जाएगी। पीएचडी और कंप्यूटर साइंस में बीटेक के अलावा यहां स्किल सेंटर भी स्थापित किया जाएगा। प्रदेश सरकार ने विवि के लिए 10 करोड़ का बजट रखा है। यहां ढांचागत विकास, नए पदों के सृजन और अन्य सुविधाओं के लिए भी सरकार जल्द निर्णय लेगी। मंत्री ने कहा कि अनुसंधान एवं नए आइडिया के लिए तकनीकी विवि विद्यार्थियों को 50-50 हजार रुपये और शिक्षकों को 3-3 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान कर रहा है। डॉ. मारकंडा ने विवि के न्यूज लेटर हिमटैक के दूसरे संस्करण और रिसर्च जर्नल थर्ड आई के सातवें संस्करण का विमोचन भी किया।   
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तकनीकी एवं स्किल विश्वविद्यालय नाम करने पर विचार
तकनीकी विवि का नाम अब तकनीकी एवं स्किल विश्वविद्यालय करने के प्रस्ताव पर विचार किया जा रहा है। तकनीकी एवं वोकेशनल शिक्षा को प्रदेश के दूरदराज के क्षेत्रों तक पहुंचाया जाएगा। प्रदेश के अन्य कॉलेजों में भी तकनीकी कोर्स शुरू किए जाएंगे। डॉ. मारकंडा ने तकनीकी शिक्षण संस्थानों के शिक्षकों से विद्यार्थियों को स्वरोजगार के लिए प्रेरित करने तथा अपने आसपास के स्कूलों में दस जमा दो कक्षा में पढ़ने वाले विद्यार्थियों की कॅरिअर काउंसलिंग करने की अपील की। 

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