फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Shakti ›   Bhopal Sanyukta Banerjee Becomes Mother Through Sperm Donation

कुछ ऐसी है स्पर्म डोनेशन से मां बनने वाली संयुक्ता बनर्जी की कहानी, जानें कैसे तोड़ी समाज की रूढ़िवादी सोच

Fri, 10 Sep 2021 12:18 PM IST
शिवानी अवस्थी लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिवानी अवस्थी Updated Fri, 10 Sep 2021 12:18 PM IST
विज्ञापन
Bhopal Sanyukta Banerjee Becomes Mother Through Sperm Donation
भोपाल की संयुक्ता बनर्जी स्पर्म डोनेशन से बनी मां - फोटो : Facebook/Sanyuktabanerjee
ये वही भारत है, जहां कभी लोकलाज का डर इस कदर हावी था कि लड़कियों और महिलाओं को पर्दे में रखा जाता था। आज भी भले ही भारत अपनी संस्कृति और परम्पराओं के करीब है, लेकिन कुछ रूढ़िवादी जंजीरों को लड़कियां खुद ही तोड़ कर समाज को संदेश दे रही हैं। इसी कड़ी में एक नाम और जुड़ गया है। 37 साल की एक ऐसी महिला, जिन्होंने बिना शादी के एक बच्चे को जन्म दिया। इस महिला को बच्चों से इतना प्यार है कि पति से तलाक के बाद स्पर्म डोनेशन के जरिये वह मां बनीं। हम बात कर रहे हैं भोपाल की संयुक्ता बनर्जी की। संयुक्ता के लिए बिना पति के एक बच्चे को जन्म देना और सिंगल मां बनना आसान नहीं होगा, लेकिन एक बच्चे की चाह ने सयुंक्ता को समाज की फिक्र किए बिना मां बनने की शक्ति दी। चलिए जानते हैं स्पर्म डोनेशन से मां बनने वाली संयुक्ता बनर्जी की कहानी ।
विज्ञापन


कौन हैं संयुक्ता बनर्जी 

संयुक्ता बनर्जी मध्य प्रदेश के भोपाल की रहने वाली हैं। 37 साल की संयुक्ता ऑल इंडिया रेडियो में न्यूज ब्रॉडकास्ट के रूप में कार्यरत हैं। उनकी साल 2008 में शादी हो चुकी है। पति के बाद संयुक्ता के पति को बच्चा नहीं चाहिए था और सयुंक्ता मातृत्व का सुख लेना चाहती थीं। दोनों की शादी सफल न हो सकी और साल 2014 में उन्होनें अलग रहने का फैसला किया। जिसके बाद 2017 में संयुक्ता का तलाक हो गया।
विज्ञापन


पति से तलाक के बाद बनी मां 

तलाक के बाद से संयुक्ता अपने बच्चे के साथ एक नया जीवन शुरू करना चाहती थीं। इसके लिए उन्होंने केंद्रीय दत्तक ग्रहण प्राधिकरण से बच्चा गोद लेने के लिए दो बार आवेदन भी किया लेकिन दोनों बार संयुक्ता को मायूसी हाथ लगी। जब संयुक्ता बच्चा गोद लेने में नाकाम हुई तो उन्होंने मां बनने के दूसरे विकल्प तलाशने शुरू किये।
विज्ञापन
विज्ञापन


बच्चा गोद लेने में रहीं नाकाम

बिना पार्टनर के मां बनने के लिए संयुक्ता ने अपने पारिवारिक डॉक्टर से सलाह ली तो उन्हें सरोगेसी, आईवीएफ, आईसीआई और आईयूआई जैसी तकनीक के बारे में जानकारी मिली। आईसीआई तकनीक से स्पर्म डोनेशन के जरिये संयुक्ता फरवरी में गर्भवती हुईं और अगस्त में उनका सपना तब साकार हुआ, जब उन्होंने एक स्वस्थ बच्चे को जन्म दिया।

स्पर्म डोनेशन के जरीए दिया बच्चे को जन्म

संयुक्ता ने सोशल मीडिया के जरिये अपनी खुशी जाहिर की और अपने बच्चे के साथ पहली फोटो शेयर की। उन्होंने मां बनने के लिए अपने संघर्षों के बारे में बताया। संयुक्ता के मुताबिक, पहले उन्होंने सरोगेसी से बच्चा पैदा करने के बारे में सोचा लेकिन यह तकनीक बहुत महंगी थी और सक्सेस रेट भी कम होने के चलते इस तकनीक से पीछे हट गयीं। फिर टेस्ट ट्यूब बेबी पर भी विचार किया लेकिन उसमें भी बात नहीं बन सकी।


समाज के तानों के सामने नहीं झुंकी संयुक्ता

संयुक्ता मानती हैं कि समाज में शादी टूटने के बाद या बिना शादी के महिला का माँ बनना पाप माना जाता है। उनके मुताबिक, समाज की नजरों में उन्होंने भी एक पाप किया है लेकिन फिर भी वह इस समाज के खिलाफ अगर खड़ी हो पाईं तो उनके पीछे की वजह हैं उनका परिवार और दोस्त। संयुक्ता की 70 साल की मां ने उनके इस फैसले में साथ दिया। कुछ दोस्त हर मोड़ पर संयुक्ता के साथ खड़े रहे। 

 
विज्ञापन
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें  लाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसे हेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health  and fitness news), लाइव फैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्ट फूड न्यूज़ इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) और यात्रा (travel news in Hindi)  आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed