टीम इंडिया में 5 दिन में 2 बड़े संन्यास, दोनों के बीच 7 समानताएं
अमूमन ऐसा कम ही देखने को मिलता है कि किसी भी टीम के 2 बड़े क्रिकेटर एक हफ्ते के अंदर या यों कहे 5 दिन के ही अंतराल पर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले लें। जहीर खान और वीरेंद्र सहवाग ये बड़े चेहरे हैं जो कभी टीम इंडिया की जीत के ट्रंप कार्ड हुआ करते थे लेकिन दोनों राष्ट्रीय टीम में वापसी की अधूरी आस लिए अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह गए।
टीम इंडिया में 5 दिन में 2 बड़े संन्यास, दोनों के बीच 7 समानताएं
वीरेंद्र सहवाग और जहीर खान ने अब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले लिया है। आपको यह जानकर आश्चर्य होगा कि इन दोनों के संन्यास लेने में कई दिलचस्प समानताएं हैं। हम आपको इन दोनों के बीच संन्यास लेने के फैसलों के बीच 7 बड़ी समानताएं बताने जा रहे हैं।
टीम इंडिया में 5 दिन में 2 बड़े संन्यास, दोनों के बीच 7 समानताएं
पहली समानता, वीरेंद्र सहवाग और जहीर खान दोनों का ही जन्मदिन अक्टूबर महीने में पड़ता है और दिलचस्प यह है कि दोनों एक ही साल 1978 में धरती पर पहली बार कदम रखा था।
टीम इंडिया में 5 दिन में 2 बड़े संन्यास, दोनों के बीच 7 समानताएं
दूसरी समानता, अक्टूबर 1978 में वीरेंद्र सहवाग और जहीर खान की पैदाइश है और इस तरह से 37 साल की उम्र में दोनों ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास लिया। संन्यास लेने के समय जहीर की उम्र 37 साल और 8 दिन की थी जबकि सहवाग पूरे 37 साल के थे।
टीम इंडिया में 5 दिन में 2 बड़े संन्यास, दोनों के बीच 7 समानताएं
तीसरी समानता, वीरेंद्र सहवाग और जहीर खान दोनों ही टीम इंडिया के सफल ओपनर रहे हैं। सहवाग जहां भारतीय पारी की शुरुआत बल्ले से करते थे तो जहीर गेंद से भारतीय आक्रमण की शुरुआत करते थे।