शाहरुख खान ने बीते वर्ष 2018 के अंत में रिलीज हुई फिल्म जीरो की प्रमोशन के दौरान अपने तीनों बच्चों के करियर को लेकर खुलासा किया था। प्रमोशन के दौरान अभिनेता मीडिया के सभी सवालों का जवाब दे रहे थे। इसी दौरान उन्होंने बताया था कि उनकी बेटी सुहाना खान की अभिनय में दिलचस्पी है। शाहरुख ने अपने दोनों बेटे आर्यन और अबराम के करियर को लेकर भी बात की थी। बता दें कि आज 27 मई को अबराम का छठा बर्थडे है।
तीनों बच्चों को ये बनाना चाहते हैं शाहरुख खान, अबराम का प्रोफेशन चुना सबसे अलग
शाहरुख ने बताया था कि उनकी बेटी सुहाना खान एक अभिनेत्री बनना चाहती हैं, जबकि बेटा आर्यन फिल्म निर्देशन और राइटिंग में करियर बनाने को लेकर उत्सुक हैं। अब शाहरुख ने अपने छोटे बेटे अबराम खान को लेकर भी कहा था कि लगता है अबराम अपने करियर की शुरुआत सबसे पहले कर देंगे। वैसे किंग खान चाहते हैं कि उनका बेटा अबराम एक टेनिस प्लेयर बनेगा तो ज्यादा अच्छा होगा।
दरअसल, अबराम के करियर को लेकर शाहरुख ने कहा था ' जहां मैं समझता हूं अबराम का टैलंट बाकी के बच्चों से थोड़ा अलग किस्म का है, क्योंकि वह बहुत मासूम है, मासूम इसलिए नहीं कि वह सबसे छोटे हैं, बल्कि शायद इसलिए भी क्योंकि अबराम हमको देर से मिले हैं, मेरा और गौरी का प्रेम अबराम के प्रति ज्यादा गहरा है, अब ऐसा भी नहीं है कि सुहाना और आर्यन पर हमारा ध्यान नहीं है, अबराम ज्यादा जेंटल और सेंसटिव किस्म के हैं, मेरी उम्मीद रहेगी कि वह अपनी सेंसिविटी द्वारा कुछ अच्छा और अलग फील्ड में काम करें और रही बात उनके लुक की तो मेरे हिसाब से वह टेनिस प्लेयर बनेंगे तो ज्यादा कूल लगेंगे, उनके बाल जब उड़ते हैं और फेस को देखकर टेनिस प्लेयर होने की फीलिंग अच्छी लगती है।'
इस दौरान शाहरुख खान ने आगे हंसते हुए कहा था 'ऐसा लगता है कि मेरे घर में अबराम को ब्रेक सबसे पहले मिल जाएगा, हमारे यहां जिसकी उम्र सबसे कम होती है, उसे सबसे जल्दी काम मिलता है, जहां तक मैं समझता हूं सभी में एक टैलंट होता है, क्योंकि जो गायक होता है, वह कैसे भी करके गाना गाने ही लगता है। मेरा मानना है कि आपके अंदर जो कला है उसे मजबूत कर बाहर लाना बहुत जरूरी है साथ ही पढ़ना भी बहुत जरूरी है।
पढ़ाई को लेकर शाहरुख ने कहा था 'मेरे घर में यह तय हो चुका है कि कम से कम सभी का ग्रेजुएट (स्नातक) होना जरूरी है, बता दूं कि मेरी बेटी सुहाना अभी और पढेंगी, हालांकि उनको एक्टिंग का बहुत शौक है, लेकिन वह मेरी छत्रछाया और बॉलिवुड से दूर सीखें और फेल हों, पास हों थिअटर करें, हिंदी फिल्मों में काम करना एक कला है, लेकिन कला को सीखा तो कहीं भी जा सकता है, मैं चाहता हूं कि सुहाना मेरी तरह थिअटर करें और बेटा आर्यन फिल्में लिखना और बनाना चाहता है।'