करियर की शुरुआत में एक फिल्म पाने की ललक में कई बार स्टार्स को बी-ग्रेड फिल्मों का सहारा भी लेना पड़ता है। बॉलीवुड के कई बड़े सेलेब्स ऐसे हैं जिन्होंने बी ग्रेड फिल्मों में काम किया है। इनमें से एक हैं बॉलीवुड की खूबसूरत एक्ट्रेस रेखा। रेखा ने अपने करियर की शुरुआत 'सावन भादो' फिल्म से की थी यह उनकी पहली हिट फिल्म भी थी, मगर 'प्राण जाए पर वचन न जाए' भी एक ऐसी फिल्म थी जिसके कई सीन में रेखा न्यूड नजर आयी थीं।
ये एक लगभग बी ग्रेड फिल्म थी, इस फिल्म में सुनील दत्त लीड रोल में थे। फिल्म में एक्सपोज करती रेखा के पोस्टर्स को देख उस समय काफी हंगामा मचा था, आलम ये था कि दर्शक थिएटर में सिर्फ रेखा को देखने के लिए पहुंचे थे। फिल्म में रेखा तवायफ के रोल में नजर आई थीं। रेखा के तालाब में नहाने और बिना कपड़ों के बाहर आने के सीन ने खूब सुर्खियां बटोरी थी। इस फिल्म को देखने के लिए थियेटर में लंबी लाइन लगी थी।
पारिवारिक स्थिति ठीक ना होने के कारण उन्होंने कम उम्र में ही काम करना शुरू कर दिया था। शुरुआती दिनों में रेखा ने तमिल की कुछ बी-ग्रेड फिल्मों में भी काम किया है। बॉलीवुड में रेखा को 'कामसूत्र' जैसी इरॉटिक फिल्मों का हिस्सा भी बनना पड़ा। दरअसल ये फिल्म उस वक्त आई थी जब इस तरह के सीन करना बहुत बोल्ड माना जाता था। लेकिन रेखा ने हमेशा ही ये साबित किया है कि वह हर तरह का किरदार निभा सकती हैं।
'प्राण जाए पर वचन न जाए' को एस अली राजा ने डायरेक्ट किया था। फिल्म को प्रोड्यूस किया था रतन मोहन ने। फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर अच्छा प्रदर्शन किया था। इस फिल्म में मशहूर विलेन रंजीत ने भी काम किया था।
यासेर उस्मान की किताब 'रेखा- द अनटोल्ड स्टोरी' में एक गोलमटोल, सांवली और हिंदी न जानने वाली भानुरेखा गणेशन की हिंदी फिल्मों की सबसे ग्लैमरस स्टार और स्टाइल डीवा बनने की कहानी को दिलचस्प अंदाज में बयान किया है। रेखा के पिता तमिल फिल्मों के एक्टर जैमिनी गणेशन और मां तेलुगु एक्ट्रेस पुष्पावल्ली थीं। रेखा का संबंध पहले से ही फिल्मी दुनिया से था और उन्होंने काफी छोटी उम्र से ही फिल्मों में काम करना शुरू कर दिया था।