यहां हम सेकेंड हैंड कारें यानी यूज्ड कारें की बात कर रहे हैं जो रोजमर्रा के लिए अच्छा विकल्प हो सकती हैं, बिना आपका बैंक बैलेंस खराब किए। इन कारों को ऐसे समय में बनाया गया, जब सरकार ने छोटा इंजन वाली सब-4मीटर कारों पर कर कटौती लागू नहीं किया था। इसलिए कार निर्माताओं को बड़ा इंजन स्थापित करने के लिए स्वतंत्रता थी। आज ये कारें टाटा नैनो के दाम पर उपलब्ध हैं।
1.5 से 2 लाख रुपये के अंदर खरीद सकते हैं ये 5 कारें
मारुति स्विफ्ट की पहली सीरीज कार स्टीम 1.3 लीटर इंजन के साथ पेश की गई। स्विफ्ट की सफलता को देखते हुए, स्पेयर पार्ट्स खोजने या यहां तक कि कुछ मोडीफिकेशन करना को मुश्किल काम नहीं होना चाहिए। आप 2 लाख रुपये अंदर बहुत सारे उदाहरण मिल जाएंगे।
1.5 से 2 लाख रुपये के अंदर खरीद सकते हैं ये 5 कारें
मारुति बलेनो: प्रीमियम हैचबैक के अस्तित्व में आने से पहले, बलेनो सेडान के जरिए मारुति ने प्रीमियम सेगमेंट में खुद को स्थापित करने का प्रयास किया था। हालांकि यह सामान्य लोगों के बीच लोकप्रिय नहीं थी, मारुति बलेनो ने पेट्रोल कार पसंद करने वालों के लिए अपील की थी, इसका 1.6 लीटर पेट्रोल इंजन 95 एचपी पावर और 131 एनएम टार्क जेनरेट करता है। साथ ही अपेक्षाकृत कम ऊंचाई वाली है। 1.5-2 लाख रुपये में कई मॉडल उपलब्ध हैं।
1.5 से 2 लाख रुपये के अंदर खरीद सकते हैं ये 5 कारें
होंडा एकॉर्ड: होंडा की भारत में पहली फुल साइज प्रीमियम कार अब टाटा नैनो की कीमत में खरीदी जा सकती है। टाटा की मिनी हैचबैक के विपरीत, एकॉर्ड ज्यादा स्पेस, जापानी तकनीक और 2.3 लीटर VTEC इंजन की ताकत रखती है। अच्छी हालत में यह कारा 2 लाख रुपये से कम उपलब्ध है। यह कार पहली कार खरीदने वालों के लिए बेहतर विकल्प हो सकती है।
1.5 से 2 लाख रुपये के अंदर खरीद सकते हैं ये 5 कारें
हुंडई सैंट्रो जिंग: 1.1 लीटर इंजन वाली eRLX सैंट्रो जिंग एक व्यवसायिक शहरी कार के रूप में आती है। हुंडई की बड़े पैमाने पर सर्विस नेटवर्क और कार की विश्वसनीयता के साथ इसको 1.5-2 लाख रुपये खरीदा जा सकता है।