हार से त्रस्त टीम इंडिया का खराब है टी-20 में रिकॉर्ड
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आईसीसी टी-20 वर्ल्ड कप का आगाज 2007 में हुआ था तब महेंद्र सिंह धोनी की युवा ब्रिगेड ने धमाकेदार खेल दिखाते हुए खिताब पर कब्जा जमाया था। तब ऐसा माना गया कि टीम इंडिया टी-20 की बेजोड़ टीम बन गई है और वनडे क्रिकेट के बाद फटाफट क्रिकेट में भी अपना रोमांच दिखाएगी।
लेकिन इस तीन घंटे के रोमांच वाले महासमर से पहले टीम इंडिया के प्रदर्शन में गिरावट आ गई है। भारत इस साल अपनी पहली बड़ी जीत का इंतजार कर रहा है। लगातार हार से त्रस्त टीम इंडिया बेहद दबाव में है। धोनी की टीम इस बार भी युवा है और वह इस टूर्नामेंट में छह साल के खिताबी सूखे को खत्म करना चाहेगी।
टी-20 में एक भी अर्धशतक नहीं है धोनी के नाम
कुछ यही हाल टीम इंडिया के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी का भी है जिन्हें दुनिया का सबसे विस्फोटक बल्लेबाज और फिनिशर माना जाता है।...लेकिन बात जब टी-20 की आती है तो वनडे फॉरमेट का यह महारथी बड़ी पारी खेलने में विफल हो जाता है।
इसका सीधा असर भारतीय टीम के प्रदर्शन पर भी पड़ता है। शायद इसी का नतीजा है कि 2007 की वर्ल्ड चैंपियन टीम इंडिया पिछले तीन संस्करणों से सेमीफाइनल में भी जगह नहीं बना सकी है। दूसरी ओर कप्तान धोनी 43 मैच खेलने के बावजूद अभी तक अपने पहले अर्धशतक के लिए तरस रहे हैं। जब धोनी का की यह रिकॉर्ड है तो अन्य क्रिकेटरों का क्या हाला होगा।
एक भी भारतीय नहीं बना सका हजार रन
वनडे क्रिकेट में आराम से बड़ी पारियां खेलने में माहिर 'कैप्टन कूल' धोनी का जलवा टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में फीका पड़ जाता है। धोनी का अंतरराष्ट्रीय टी-20 में सर्वश्रेष्ठ स्कोर नाबाद 48 रन है जबकि वर्ल्ड कप में 22 मुकाबले खेलने के बावजूद उन्होंने उच्चतम स्कोर 45 रन है। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सिडनी में 48 रनों की नाबाद पारी खेली लेकिन उस मैच में टीम इंडिया को हार मिली थी।
हालांकि धोनी अंतरराष्ट्रीय टी-20 मैचों में एक भी अर्धशतकीय पारी नहीं खेलने के बावजूद 772 रन बना चुके हैं और वह एक भी अर्धशतक लगाए बगैर सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं। जहां तक टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैचों में सबसे ज्यादा रन बनाने की बात है इस मामले में न्यूजीलैंड के कप्तान ब्रेंडन मैकुलम सबसे आगे हैं। उन्होंने 64 मैचों से 1959 रन बनाए। इसके बाद श्रीलंका के महेला जयवर्धने (1335 रन) का नंबर है।
टी-20 मैचों में भारत की स्थिति का अंदाजा इससे लगाया जा सकता है कि एक भी भारतीय बल्लेबाज हजार रनों का आंकड़ा नहीं छू सका है। दुनिया के 13 बल्लेबाज हजार रनों का आंकड़ा पार कर सके हैं लेकिन इसमें एक भी भारतीय नहीं है।
खिताबी सूखा खत्म कर पाएगी टीम इंडिया!
भारत ने अब तक कुल 46 टी-20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले हैं जिसमें टीम को 25 में जीत मिली है। भारत ने 19 मुकाबलों में हार का सामना किया है, जबकि एक मैच टाई और एक मैच बेनतीजा रहा।
जहां तब टी-20 वर्ल्ड कप की बात है टीम इंडिया ने टी-20 वर्ल्ड कप में 22 मैच खेले हैं और इसमें 12 जीते, आठ हारे, 01 टाई और 01 बेनतीजा रहा।
कप्तान धोनी ने टी-20 वर्ल्ड कप में भारत के खेले सभी मैचों में शामिल रहे हैं और 390 रन बनाए हैं। 45 रन वर्ल्ड कप में भारतीय कप्तान का उच्चतम स्कोर है। ऐसे में कप्तान धोनी के सामने बड़ी चुनौती है कि वह न सिर्फ लगातार हार झेल रही भारतीय टीम को जीत की पटरी पर लाए बल्कि अपने शानदार प्रदर्शन के जरिए टीम को एक बार फिर चैंपियन का ताज दिलाए।