धोनी पर बरसे गांगुली, 'पक्षपात करते हैं भारतीय कप्तान'
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पूर्व भारतीय कप्तान सौरव गांगुली ने धोनी की योजना की आलोचना करते हुए कहा है कि भारतीय चयनकर्ता टीम में उन्हीं खिलाड़ियों को चुनते हैं जो कप्तान सिंह धोनी के पसंदीदा होते हैं और ऐसे में ऑफ स्पिनर हरभजन सिंह की टीम मे वापसी संभव दिखाई नहीं देती है।
गांगुली ने कहा, "मुझे लगता है कि हरभजन राष्ट्रीय टीम के दोनों प्रारूपों में वापसी कर सकते हैं लेकिन चयनकर्ता उन्हीं खिलाड़ियों को चुनते हैं जो धोनी के पसंदीदा होते हैं और इसी कारण से हरभजन को अब तक वापसी का मौका नहीं मिल सका है। मुझे लगता है कि चयनकर्ता हरभजन के बारे में ज्यादा नहीं सोचते हैं और वैसे भी कप्तान के पसंदीदा खिलाड़ियों की बात हो तो भज्जी की वापसी मुश्किल लगती है।"
हरभजन पिछले काफी समय से टीम से बाहर है। उन्होंने मार्च 2013 में आखिरी बार टीम की ओर से खेला था। हाल ही में भारतीय आफ स्पिनर के प्रदर्शन में काफी सुधार आया है और उन्होंने 26.60 के औसत से छह रणजी मैचों में 23 विकेट लिए हैं।
अमित मिश्रा के चयन पर भी उठाए सवाल
सौरव गांगुली ने हरभजन और प्रज्ञान ओझा की जगह लेग स्पिनर अमित मिश्रा को एशिया कप और ट्वंटी-20 वर्ल्ड कप के लिए टीम का हिस्सा बनाने जाने पर भी सवाल उठाए।
उन्होंने कहा, "मिश्रा की गेंद हवा में काफी धीमी है और बल्लेबाज इसे आसानी से पढ़ लेते हैं। पिछले साल अक्तूबर में ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज शेन वॉटसन ने नागपुर वनडे में उनकी जमकर धुनाई की थी।"
गांगुली ने आगे कहा, "अमित मिश्रा का क्षेत्ररक्षण भी ठीक नहीं है। मुझे नहीं लगता कि मिश्रा को टीम में लेने से कोई फायदा भी होगा क्योंकि उपमहाद्वीप की सभी टीमें स्पिन खेलने में माहिर हैं। मैं इस बात से आश्चर्यचकित हूं कि भज्जी और ओझा टीम से बाहर क्यों बैठे हैं।"