क्या आपको पता है घंटों आखों में आंखें डालकर बैठे रहने का नुकसान
कहते हैं जो बात जबान से नहीं कह सकते वे आंखों से कह दी जाती है। फिल्मों में भी हीरो हीरोइन एक दूसरे से आंखों ही आंखों में सब कुछ कह जाते हैं। असल जिंदगी की बात करें तो अक्सर प्रेमी और प्रेमिका एक-दूसरे की आंखों में आंखें डालकर करीब होने का एहसास करते हैं।
घंटों तक एक दूसरे की आंखों में डूबे रहने की बात करते हैं लेकिन हालिया शोध में इसके उल्टे परिणाम सामने आए हैं। आप सोच भी नहीं सकते कि आंखें प्यार बढ़ाने के बजाए आपके साथी या दोस्त के मन में आपके प्रति डर पैदा कर सकती हैं।
ऐसा इसलिए नहीं कि आंखों में कुछ खराबी है या गुस्सा है या बल्कि इसलिए क्योंकि देर तक एक दूसरे को घूरने से मतिभ्रम की स्थिति पैदा हो जाती है। यानि अब तक साधारण और प्यारा दिखने वाला इंसान कुछ अजीब और अलग ही दिखने लगता है।
आंखों में घूरने से होता है मतिभ्रम
लंदन के साइकिएट्री रिसर्च जर्नल में प्रकाशित शोध के मुताबिक किसी की आंखों में आंखें डालकर काफी देर तक घूरने से मतिभ्रम की स्थिति पैदा हो जाती है। यहां तक कि कई बार समाने वाला राक्षस की तरह दिखाई देने लगता है।
इटली की यूनिवर्सिटी ऑफ उरबिनो के शोधकर्ता गिओवानी कैपुटो ने 20 लोगों को कम प्रकाश के कमरे में बैठा दिया। इसके बाद दो-दो लोगों का समूह बनाकर 10 मिनट तक एक-दूसरे घूरने को कहा गया। इस बीच उनसे चेहरे पर किसी तरह का भाव नहीं लाने को भी कहा गया।
10 मिनट के बाद जब उन लोगों से पूछा गया, तो 90 फीसदी लोगों ने मतिभ्रम होने की बात कही। उन्हें सामने वाले का चेहरा बदला हुआ नजर आया, जबकि 75 फीसदी लोगों को सामने वाले का राक्षस की तरह दिखा।