फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   Lifestyle Archives ›   obesity in teenager affects mental health

किशोरावस्था में अधिक हो वजन तो होगा यह नुकसान

Thu, 13 Mar 2014 03:06 PM IST
Updated Thu, 13 Mar 2014 03:06 PM IST
विज्ञापन
obesity in teenager affects mental health

मोटापा न सिर्फ अधिक उम्र के लोगों के लिए सेहत से जुड़े कई खतरों की घंटी है बल्कि किशोरावस्था में भी अगर यह दिक्कत हो तो उनकी मानसिक सेहत से जुड़ी कुछ गंभीर समस्याएं हो सकती हैं।

विज्ञापन


हाल में हुए कुछ शोधों के आधार पर जानें किशोरों को मोटापे के कौन से बड़े मानसिक खतरे हो सकते हैं।

लड़कियों के आईक्यू पर असर

obesity in teenager affects mental health

इंटरनेशनल जर्नल ऑफ ओबेसिटी में प्रकाशित ब्रिटिश शोध की मानें तो किशोरावस्था में मोटापे की शिकार लड़कियों का आईक्यू स्तर प्रभावित होता है।

शोधकर्ताओं का मानना है कि 10 से 11 साल की उम्र की लड़कियों को मोटापे की वजह से यह दिक्कत अधिक होती है।

विज्ञापन
विज्ञापन

लड़कों की याददाश्त पर प्रभाव

obesity in teenager affects mental health

स्वीडन के शोध की मानें तो किशोरावस्था के दौरान जो लड़के शारीरिक श्रम कम करते हैं उन्हें बढ़ती उम्र में याददाश्त से जुड़ा डिमेंशिया नामक रोग होने की आशंका अधिक होती है।

ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी के शोध में 11 लाख प्रतिभागियों पर अध्ययन किया है जो ब्रेन जर्नल में प्रकाशित हुआ है।

शोधकर्ताओं का दावा है कि कसरत न करने वाले और मोटापे के शिकार किशोरों में याददाश्त से जुड़ी इस समस्या का खतरा सामान्य किशोरों की अपेक्षा 2.5 गुना अधिक होता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed