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यूपी बोर्ड परीक्षा में कैसे रुके नकल, आज तय होगी रणनीति

Mon, 03 Nov 2014 12:02 PM IST
एजुकेशन डेस्क/अमर उजाला ब्यूरो
एजुकेशन डेस्क/अमर उजाला ब्यूरो Updated Mon, 03 Nov 2014 12:02 PM IST
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UP board cheating in exam it discuss in meeting
यूपी बोर्ड परीक्षा में नकल कैसे रोका जाए और वित्तविहीन परीक्षा केंद्रों पर शिकंजा कसने की रणनीति पर मुहर आज लगेगी। माध्यमिक शिक्षा मंत्री महबूब अली व प्रमुख सचिव माध्यमिक शिक्षा डॉ. सूर्य प्रताप सिंह ने पार्क रोड स्थित निदेशालय में मंडलीय संयुक्त शिक्षा निदेशकों, मंडलीय उप शिक्षा निदेशकों और जिला विद्यालय निरीक्षकों की बैठक बुलाई है।
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इसमें नकल रोकने, बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट सुधारने, स्कूली शिक्षा में सुधार लाने पर अधिकारियों के साथ मंथन होगा।
यूपी बोर्ड की परीक्षा 15 फरवरी के आसपास प्रस्तावित हैं। मौजूदा समय बोर्ड परीक्षा केंद्र निर्धारण की प्रक्रिया चल रही है। जिला विद्यालय निरीक्षक सारा खेल बोर्ड परीक्षा केंद्र निर्धारण में ही करते हैं जिससे नकल माफिया अपने हिसाब से परीक्षाएं कराते हैं। इसलिए इस बार परीक्षा केंद्र निर्धारण में ही सावधानियां बरती जा रही हैं।
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माध्यमिक शिक्षा मंत्री और प्रमुख सचिव माध्यमिक शिक्षा अधिकारियों के साथ बोर्ड परीक्षा केंद्र निर्धारण तथा जिले के अति संवेदनशील व संवेदनशील स्कूलों के बारे में जानकारी प्राप्त की जाएगी। इसके साथ ही बोर्ड परीक्षा में नकल कैसे रोकी जाए इस पर भी विचार-विमर्श किया जाएगा।
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परिषदीय स्कूलःकिताबों की सुधरेगी क्वालिटी
बेसिक शिक्षा परिषद के प्राइमरी और उच्च प्राइमरी स्कूलों की किताबों की क्वालिटी में और सुधार लाने की तैयारी है। कागज की मोटाई 60 ग्राम स्क्वायर मीटर (जीएसएम) से बढ़ाकर 70 करने की तैयारी है। चमक और ओपेसिटी भी बढ़ाने की तैयारी है। बेसिक शिक्षा निदेशालय के प्रस्ताव पर शासन स्तर पर सहमति बन गई है और जल्द ही कैबिनेट से मंजूरी ले ली जाएगी।


बेसिक शिक्षा परिषद के अधीन आने वाले प्राइमरी और उच्च प्राइमरी तथा संबद्ध प्राइमरी स्कूलों में कक्षा 8 तक पढ़ने वाले करीब पौने तीन करोड़ बच्चों को मुफ्त किताब देने की योजना है। परिषदीय स्कूलों में बच्चों को मौजूदा समय जो किताबें दी जा रही हैं उसकी क्वालिटी काफी अच्छी नहीं है। इसलिए परिषद चाहता है कि बच्चों को ऐसी किताबें दी जाएं जिससे वह जल्द न फटने पाए। छपाई में सुपर क्वालिटी इंक का इस्तेमाल करने, पुस्तक का कवर के साथ अंदर के पन्नों की चमक बढ़ाने का प्रस्ताव है। इसके लिए छपाई नीति बदलेगी ।
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