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सेक्स रैकेट: वाट्सऐप पर भेजते थे कामुक तस्वीरें

Wed, 04 Feb 2015 03:11 PM IST
Updated Wed, 04 Feb 2015 03:11 PM IST
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WhatsApp a preferred tool for sex racket agents

मैसेजिंग के लिए तेजी से लोकप्रिय हुआ वाट्सऐप अब पुलिस के लिए बड़ी समस्या बनता जा रहा है। इसके जरिए अब सेक्स रैकेट चलाए जा रहे हैं। हाल ही में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए जिन दलालों को गिरफ्तार किया उनसे पूछताछ में बड़ा खुलासा हुआ है।

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पुलिस के अनुसार, ये गैंग वाट्सऐप के जरिए पूरे देश में फैले अपने नेटवर्क से कॉन्टैक्ट करते हैं और बड़ी आसानी से देहव्यापार चलाते हैं।

तहकीकात में जुटी पुलिस ने आरोपियों के चैट बॉक्स खंगाले तो पता चला कि वे कैसे ग्राहकों को फंसाते थे और फिर वाट्सऐप के जरिए डील करते थे। उनके ज्यादातर ग्राहक फिक्स थे और उनके नाम कोड वर्ड में लिखे गए थे।

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ग्राहकों को भेजते थे कामुक तस्वीरें

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टीओआई की रिपोर्ट के मुताबिक, इस रैकेट का भंडाफोड़ नागपुर में हुआ है। सेक्स रैकेट चलाने वाले एजेंट अपने दलालों से वाट्सऐप के जरिए ही संपर्क करते थे। वे इसी के जरिए लड़कियों की सप्लाई भी करते थे। पुलिस ने बताया कि छापामारी के दौरान पुलिस ने एक दलाल सचिन सोनारकर उर्फ करन गुप्ता को गिरफ्तार किया।

सचिन, वाट्सऐप के जरिए लड़कियों की तस्वीरें ग्राहकों और दूसरे दलालों के पास भेजता था। वह पश्चिम बंगाल और मध्यप्रदेश जैसे राज्यों में बैठे अपने एजेंटों से लड़कियों की तस्वीरों की अदला-बदली करता था और मनपसंद लड़कियां बुलाता था।

पुलिस ने बताया कि आरोपी अपने ग्राहकों के नाम कोड वर्ड जैसे 'संजू फ्रेंड' 'ट्रैवेलको' रखते थे। वे एजेंट से संपर्क करके लड़कियों की डिमांड करते थे। सोनारकर और उसके कई सहयोगी ग्राहकों को वाट्सऐप पर लड़कियों की तस्वीरें भेजते थे, जोकि बेहद कामुक और अलग-अलग पोज में होती थीं।

21 दलाल गिरफ्तार, महिलाएं भी शामिल

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चैट के दौरान वे लोग ग्राहकों से रेट तय करते थे और फिर होटल, लॉज या किसी निजी जगह पर लड़कियां भेजते थे। क्राइम ब्रांच की सोशल सर्विस ब्रांच (एसएसबी) ने कार्रवाई करके सेक्स रैकेट चलाने वाले 21 दलालों को गिरफ्तार किया और 34 महिलाओं को मुक्त कराया।

पुलिस ने छापामारी करके 19 ऐसी जगहों को सील किया जहां देहव्यापार चल रहा था। इनमें से 11 रेड लाइट एरिया भी शामिल हैं। अभी करीब 20 और स्थानों पर कार्रवाई होने की उम्मीद है।

सेक्स रैकेट के खिलाफ अभियान तब तेज हुआ जब डीसीपी दीपाली मासिरकर और एसीपी श्रीकांत तारवाड़े ने क्राइम ब्रांच की कमान संभाली।

सेक्स रैकेट चलाने के आरोप में गिरफ्तार सोनारकर के करीब 400 महिलाओं से संपर्क थे और 50 पक्के ग्राहक थे। दूसरे दलाल परमजीत खुराना (70) के भी करीब 200 लड़कियों से संपर्क होने का दावा किया गया है। पुलिस ने एक महिला दलाल के पास भी 150 महिलाओं के कॉन्टैक्ट बरामद किए हैं। उसकी पहचान दीपाली कटकर के रूप में हुई है।

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