दलित छात्रों से साफ कराया टॉयलेट, शिक्षक गिरफ्तार
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
तमिलनाडु में आठ शिक्षकों को दलित छात्रों से टॉयलेट साफ करवाने के जुर्म में गिरफ्तार किया गया है। यह घटना तमिलनाडु के कक्कड में सरकारी अनुदान प्राप्त एक स्कूल में घटी जहां छठी से आठवीं तक में पढ़ने वाले छात्रों से टॉयलेट साफ करवाया गया।
ऐसे में जब पूरे देश में आर्टिकल 17 के तहत अस्पृश्यता का अंत हो चुका है। ताजा घटना हमें इस बारे में फिर से सोचने पर मजबूर करती है। जानकारी के मुताबिक स्थानीय लोग, स्थानीय राजनेता और प्रताड़ित छात्रों के परिजन काफी दिनों से शिक्षकों के खिलाफ कार्यवाही की मांग कर रहे थे। परिजनों का आरोप है कि छात्रों से इस तरह का काम पिछले आठ महीनों से करवाया जा रहा है।
"टॉयलेट साफ न करने पर कम नंबर देने की धमकी"
हालांकि आरोपी शिक्षकों पर कार्यवाही मामला सामने आने के 20 दिनों बाद की गई है। यह मामला एससी/एसटी एक्ट (अत्याचार निवारण) के तहत दर्ज किया गया है। पीड़ित छात्रों में से एक की मां ने इस मामले में अपना बयान दर्ज कराया है।
पीड़ित छात्र की मां ने कहा, "मेरा बच्चा खाना नहीं खा पा रहा है। उसने बाद में बताया कि उसे अपने हाथों से स्कूल का टॉयलेट साफ करने के लिए मजबूर किया गया था। इतना ही नहीं आरोपी शिक्षक छात्रों को दंड भी देते थे। वो छात्रों को धमकाते थे कि अगर उन्होंने टॉयलेट की सफाई न की और इसका खुलासा किसी से किया तो उन्हें कम नंबर दिए जाएंगे।"