फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   Crime Archives ›   story of tau gang

हसीना की खूबसूरती का कायल है ये डकैत

Fri, 19 Sep 2014 04:31 PM IST
Updated Fri, 19 Sep 2014 04:31 PM IST
विज्ञापन
story of tau gang

बुलंदशहर के एलएम ज्वैलर्स के शोरूम में डकैती डालने वाले इंदरपाल उर्फ ताऊ की जमीनी हकीकत पुलिस खंगाल रही है। बुलंदशहर पुलिस को पांच दिन धूल फांकने के बाद पता चला है कि ताऊ गाजियाबाद के साहिबाबाद स्थित पप्पू कालोनी निवासी माशूका सुनीता उर्फ अनीता की खूबसूरती का कायल है।

विज्ञापन


वह उसे बेइंतहा प्यार करता है। पुलिस सूत्रों की मानें तो पचास वर्षीय ताऊ ने सुनीता के साथ मिलकर कई वारदात को अंजाम दिया है। पुलिस रिकार्ड में गैंग की दसवें नंबर की सदस्य सुनीता से ताऊ ने शादी नहीं की है। बताया जाता है कि सुनीता विवाहिता है और इस समय फरार है।
विज्ञापन


पुलिस सूत्रों के मुताबिक, सुनीता और इंदरपाल एक दूसरे से बेहद प्यार करते हैं। दोनों ने कई बार एक साथ डकैती डाली है। यह भी पता चला है कि जब इंदरपाल ताऊ हरियाणा में डकैती डालकर भागा तो वहां की पुलिस ने उसका गाजियाबाद तक पीछा किया। लेकिन ताऊ साहिबाबाद में गुम हो गया।
विज्ञापन
विज्ञापन


हरियाणा पुलिस के एक अधिकारी से बुलंदशहर पुलिस ने जानकारी ली तो उसकी प्रेमिका का खुलासा हुआ है, लेकिन उसकी प्रेमिका कभी भी पुलिस के हत्थे नहीं चढ़ी। सूत्र बताते हैं कि ताऊ प्रेमिका के लिए कुछ भी करने को तैयार रहता है। डकैती में सफल होने के बाद वे दोनों 500 से 700 किलोमीटर की दूरी पर घूमने निकल जाते हैं।

माशूका से प्यार के बाद भी नहीं की शादी

story of tau gang

लोगों को पति-पत्नी बताकर मकान आदि किराए पर ले लेते हैं या फिर होटल में इसी शिनाख्त से रुकते हैं। हालांकि बुलंदशहर पुलिस ताऊ के साथ-साथ उसकी प्रेमिका की तलाश भी कर रही है।

ताऊ ने मेरठ, बुलंदशहर, गाजियाबाद, खुर्जा, मथुरा, गौतमबुद्धनगर, अलीगढ़, उत्तराखंड के लोगों को इसलिए अपने गिरोह में शामिल कर रखा है ताकि वारदात के बाद वह आसानी से उनके यहां या फिर उनके संपर्कों से शरण ले सकें। वह या उसके गिरोह के सदस्य जब भी कोई वारदात करते हैं तब वह वारदात वाले जिले या कई बार प्रदेश भी छोड़ जाते हैं।

डकैती और लूट की बड़ी वारदातों को अंजाम देने वाला इंदरपाल उर्फ ताऊ कानूनी तौर पर पूरी तरह से कंगाल है। पुलिस रिकार्ड के अनुसार ताऊ के पास एक गज जमीन भी नहीं है। इंदरपाल काफी समय से अपने गांव से बाहर है और अलीगढ़ में किराए पर रहता था। हालांकि पुलिस उसकी तलाश में ताबड़तोड़ दबिश दे रही है।

लूट की बड़ी वारदातें करने वाला ताऊ कंगाल!

story of tau gang

कई प्रदेशों की पुलिस के लिए सिर दर्द बना ताऊ की परत दर परत हिस्ट्री खुलने पर उसके गैंग के सदस्यों और उनके द्वारा की गई वारदातों का लेखा-जोखा भी मिला है। तफ्तीश में जो बात सामने आई उसमें सबसे अहम है कि करोड़ों की लूट और डकैती की बड़ी वारदातों को अंजाम देने वाला इंदरपाल कानून की नजर में कंगाल है।

पुलिस का कहना है कि ताऊ पिछले काफी समय से अलीगढ़ में किराए के मकानों में गुजर करता था। मकान मालिक को खुद के गरीब होने का अहसास कराता था। यानि गंदे और फटे कपड़ों का सहारा लेता था। पिता की हत्या के बाद हत्यारों को सजा दिलाने के लिए उसने अपनी आठ बीघा जमीन बेच दी थी। उसके बाद अपराध की दुनिया में कूदकर कमाए पैसे से करीब पच्चीस बीघा जमीन खरीदकर मां और छोटे भाई को ोटा भाई गांव में खेतीबाड़ी करता है और मां भी उसके साथ ही रहती है।

ताऊ की गिरफ्तारी इतनी आसान नहीं है। इसीलिए बुलंदशहर पुलिस ताऊ को पूर्व में पकड़ने वाले अफसरों से भी मदद ले रही है। 2010 में मथुरा में डकैती डालने के बाद वह गुजरात के अहमदाबाद चला गया था। उसको तब मथुरा के एसएसपी रहे सतेंद्रवीर सिंह ने गिरफ्तार किया था। सतेंद्र वीर इस समय डीआईजी आगरा हैं। पुलिस ने उनसे भी सोमवार को इस बारे में जानकारी हासिल की। एसपी देहात अशोक कुमार शुक्ला ने बताया कि ताऊ को अंतिम बार अलीगढ़ के तत्कालीन एसएसपी ने गुजरात से गिरफ्तार किया था। यह जानकारी मिलने पर उनसे संपर्क किया जा रहा है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed