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वो 6 मामले जब यौन उत्पीड़न में घिरे पुलिस अफसर

Thu, 01 Jan 2015 12:27 PM IST
Updated Thu, 01 Jan 2015 12:27 PM IST
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six cases of sexual harassment charges on police officers

बिहार के कैमूर में महिला डीएसपी के यौन उत्पीड़न के आरोप में एसपी का नाम सामने आने से हड़कंप मच गया है। डीएसपी का आरोप है कि एसपी ने शादी का झांसा देकर उनका यौन शोषण किया और अब वादे से मुकर रहे हैं।

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इस मामले से पहले भी देश के कई पुलिस अधिकारियों पर यौन उत्पीड़न के आरोप लग चुके हैं। यही नहीं, महाराष्ट्र के कोल्हापुर महिला पुलिस ट्रेनिंग सेंटर में सेक्स स्कैंडल के खुलासे ने पूरे देश में सनसनी फैला दी थी।
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पढ़िए, ऐसे ही छह मामले जब यौन उत्पीड़न के आरोपों के चलते विवादों में घिरे पुलिस अधिकारी।

1- महिला अधिकारी से छेड़छाड़ में सब इंस्पेक्टर को जेल

six cases of sexual harassment charges on police officers

इस साल नवंबर माह में मध्यप्रदेश के सिवनी जिले में तैनात सब इंस्पेक्टर चंद्रशेखर कुशवाहा को अपने समकक्ष महिला पुलिस अधिकारी से छेड़छाड़ के आरोप में जेल भेजा गया है।

पुलिस के अनुसार शहर कोतवाली में तैनात पुलिस सब इंस्पेक्टर चंद्रशेखर कुशवाहा 14 नवंबर की रात महिला सब इंस्पेक्टर के घर में घुस गया और उसके साथ जबरदस्ती करने की कोशिश की।

पीड़ित महिला पुलिस अधिकारी ने छापारा थाने में इसकी दर्ज कराई जिस पर पुलिस ने आरोपी सब इंस्पेक्टर चंद्रशेखर को छेड़छाड़ एवं एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला दर्ज करके गिरफ्तार लिया और कोर्ट में पेश किया। कोर्ट ने आरोपी पुलिसवाले को जेल भेज दिया।

जानकारी के मुताबिक, आरोपी सब इंस्पेक्टर और पीड़ित महिला अधिकारी एक ही बैच के हैं और वह पहले भी उसे परेशान करता रहा है।

2- आईपीएस अधिकारी पर मॉडल से रेप का आरोप

six cases of sexual harassment charges on police officers

इस साल जुलाई माह में मुंबई की रहने वाली एक मॉडल ने एक वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी पर रेप का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई।

शिकायत के अनुसार, आईपीएस अधिकारी सुनील पारसकर ने उत्तरी क्षेत्र के अतिरिक्त पुलिस आयुक्त के रूप में तैनाती के दौरान मॉडल पर हमला किया। मॉडल ने अपनी शिकायत मालवानी पुलिस थाने में दर्ज करवाई थी।

मॉडल ने आरोप लगाया था कि जब अधिकारी के पास काम के सिलसिले में जाती थी तो वह उसके साथ दुष्कर्म करता था। साथ ही उसने होटल में हुए यौन शोषण से जुड़े कई सबूत भी पुलिस को सौंपे।

हालांकि बाद में इस मामले में कई ट्विस्ट आए और रेप का आरोप लगाने वाली मॉडल खुद विवादों में घिर गई है। दरअसल, शिकायतकर्ता मॉडल के पूर्व वकील ने क्राइम ब्रांच को बताया कि उन्हें जब लगा कि वह यह सब पब्लिसिटी के लिए कर रही हैं, तो मैंने आगे उनका केस लड़ने से इनकार कर दिया था।

वकील रिजवान सिद्दीकी ने मुंबई पुलिस को सीसीटीवी फुटेज, बातचीत की ऑडियो रिकॉर्डिंग, चैट और मेसेज की डीटेल्स क्राइम ब्रांच को सौंपी जिसमें दिख रहा था कि बातचीत के दौरान मॉडल वकील से डीआईजी पारसकर को फंसाने को लेकर साजिश रचने को कह रही थी।

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3- सीआईडी AIG ने किया रेप, खींची अश्लील तस्वीरें

six cases of sexual harassment charges on police officers

जुलाई माह में ही, मध्य प्रदेश सरकार ने बलात्कार के आरोप में फंसे प्रदेश के एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी को सस्पेंड कर दिया।

मध्य प्रदेश सीआईडी के असिस्टेंट इंस्पेक्टर जनरल (एआईजी) अनिल मिश्रा के खिलाफ राजस्थान के जयपुर में महिला पुलिस स्टेशन में आईपीसी की विभिन्न धाराओं जैसे 376, 384 के तहत मामला दर्ज कराया था।

महिला ने यह भी आरोप लगाया था कि पुलिस अधिकारी ने उनकी बेटी और भतीजी की आपत्तिजनक तस्वीर भी खींची। उसका पति धोखाधड़ी के मामले में भोपाल जेल में बंद है। महिला ने अपने बयान में कहा कि मिश्रा पिछले दो साल से उसका शारीरिक शोषण कर रहे थे। साथ ही उसके साथ जयपुर, इंदौर, जोधपुर और अन्य जगहों पर बलात्कार भी किया।

जयपुर पुलिस ने उसके आवास पर ही बयान दर्ज किया। पुलिस अधिकारी मिश्रा आरोपों से साफ इनकार करते रहे हैं। उनका कहना है कि भोपाल में धोखाधड़ी के मामले की विशेष जांच टीम का हिस्सा होने के कारण उन्हें फंसाया जा रहा है।

4- आईपीएस अफसर पर पत्नी ने लगाए गंभीर आरोप

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सीआईडी एआईजी अनिल मिश्रा के निलंबन के 48 घंटे के अंदर ही एमपी में ग्वालियर के पुलिस अधीक्षक प्रमोद वर्मा पर उनकी ही पत्नी ने राज्य की महिला अफसरों के साथ अवैध संबंध होने का आरोप लगाया था।

आईपीएस प्रमोद वर्मा की पत्नी ने राज्य के डीजीपी नंदन दुबे को ई-मेल के जरिए तस्वीरें, एसएमएस भेजकर मामले का खुलासा किया। शिकायत मिलने के बाद डीआईजी ने मामले को पीएचक्यू की महिला सेल को सौंप दिया।

आईपीएस प्रमोद वर्मा 2001 बैच के अधिकारी हैं। उनकी पत्नी का आरोप है कि वर्ष 2009 में खरगोन तबादले के दौरान महिला अफसर से उनका प्रेम प्रसंग शुरू हुआ था। वह घर पर बने कार्यालय में उस महिला अधिकारी को बुलाते थे और काफी देर तक चर्चा के नाम पर व्यस्त रहते थे।

वर्ष 2011 में सागर तबादले के बाद भी वर्मा ने महिला अफसर से मिलना नहीं छोड़ा। हालांकि इस मामले में वर्मा ने खुद पर लगे आरोपों से इंकार किया है।

5- पुलिस ट्रेनिंग स्कूल में सेक्स स्कैंडल

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अप्रैल 2011 में कोल्हापुर महिला पुलिस ट्रेनिंग सेंटर में सामने आए सेक्स स्कैंडल ने पूरे देश में हड़कंप मचा दिया। ट्रेंनिंग सेंटर में युवतियों के साथ यौन शोषण का आरोप लगा। इस मामले में एक प्रशिक्षक को गिरफ्तार भी किया गया, जबकि उसने आरोप लगाया कि युवतियों से बलात्कार के मामले में कई आला अफसर शामिल हैं।

मामले को लेकर जब बवाल बढ़ा तो गृहमंत्रालय ने मामले की जांच के आदेश दे दिए। कोल्हापुर में पुलिस ट्रेनिंग स्कूल के सेक्स स्कैंडल का खुलासा तब हुआ जब एक प्रशिक्षु महिला कांस्टेबल ने पत्र लिखकर आला अफसरों को आपबीती बताई।

पीड़ित महिला ने खुलासा किया कि ट्रेनिंग के नाम पर प्रशिक्षु महिला कांस्टेबलों के साथ बलात्कार किया जा रहा है और इस मामले में दर्जनों लड़कियां शिकार बनी हैं।

इस सनसनीखेज खुलासे के बाद हरकत में आई महाराष्ट्र सरकार के तत्कालीन गृहमंत्री आरआर पाटिल ने मामले की जांच के आदेश दे दिए। इस मामले में कई युवतियों के साथ बलात्कार की पुष्टि हुई।

6- रुचिका मामले में फंसे हरियाणा के पूर्व डीजीपी

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बहुचर्चित रुचिका गिरहोत्रा मामले में दोषी करार दिए गए हरियाणा के पूर्व डीजीपी एसपीएस राठौड़ को चंडीगढ़ की एक अदालत ने वज्र्ष 2010 में जेल की सजा सुनाई थी।

हरियाणा के पंचकुला में रहने वाली 15 वर्षीय रुचिका का अगस्त 1990 में राठौड़ ने यौन उत्पीड़न किया था। इसके तीन साल बाद रुचिका ने आत्महत्या कर ली।

हालांकि राठौड़ ने इस मामले में फंसाए जाने की बात कही लेकिन यौन उत्पीड़न के पर्याप्त सबूत होने पर अदालत ने उन्हें सजा सुनाई।

इससे पहले की सीबीआई की एक विशेष अदालत ने दिसंबर 2009 में राठौड़ को रुचिका के साथ छेड़छाड़ के मामले में दोषी ठहराया था। अदालत ने राठौड़ को छह महीने की कठोर कारावास की सजा दी और 1,000 रुपये का जुर्माना भी लगाया था। हालांकि बाद में ऊपरी अदालत से राठौड़ को जमानत मिल गई।

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