मंहगी कार खरीदने के लिए सिपाही ने किया खुद के अपहरण का ड्रामा
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बदन पर खाकी पहनते वक्त उसने कसम खाई थी कि जान देकर भी देश की हिफाजत करेगा। देश को अपराधों और अपराधियों से बचाएगा। लेकिन वर्दी की मर्यादा को उसने दरकिनार कर दिया और खुद अपराधी बन बैठा।
महज एक लक्जरी कार का शौक पूरा करने के लिए खुद के घरवालों को परेशान किया। अगवा होने का नाटक किया और घर पर 20 लाख रुपए की फिरौती के लिए फोन करवा दिया।
सिपाही की इन करतूतों की बात हम नहीं, वो पुलिस वाले खुद ही कह रहे हैं जिन्होंने इस मामले की पड़ताल की है।
मामला यूपी के बागपत का है। बीते दिनों सिपाही रविंद्र अपने गांव ढ़िकौली से रहस्यमय ढंग से लापता हो गया था। सिपाही के घर पर फोन आया था कि रविंद्र को अगवा किया गया है। 20 लाख रुपए दे दो और उसे छुड़वा लो। मामले पर पुलिस ने एक्शन लिया तो मंगलवार की शाम रविंद्र नाटकीय ढंग से घर लौट आया।
पुलिस के मुताबिक अपहरण का सारा ताना-बाना सिपाही ने खुद रचा था। पुलिस के मुताबिक फिरौती की रकम से वह स्विफ्ट डिजायर कार खरीदना चाहता था।
'महीने भर से कर रहा था प्लानिंग'
पुलिस ने उससे पूछताछ की और सर्विलांस से उसकी लोकेशन का पता लगाया तो काफी अंतर देखा गया था।
इसके अलावा पुलिस को कई अहम जानकारियां मिलीं। एसपी रवि शंकर छवि ने बताया कि जांच करने पर पता चला कि सिपाही रविंद्र ढाका का अपहरण नहीं हुआ था। उसने तो प्लान के तहत अपहरण का ड्रामा किया था। इसके लिए वह पिछले एक माहीने से तैयारी में लगा हुआ था।
दिल्ली के नरेला क्षेत्र से ही उसने सिम खरीदा था। वह स्विफ्ट डियाजर कार खरीदना चाहता था। प्लान के तहत वह लगातार दिल्ली के नांगलोई जा रहा था।
अपहरण से पूर्व 17 और 18 फरवरी को भी नांगलोई गया था। अपहरण के बाद भी उसकी लोकेशन नांगलोई की ही मिली है। इसके अलावा जानकारी मिली है कि उसने बैंक से लोन भी ले रखा है। फिरौती मांगने वालों का पता लगाया जा रहा है। कई अहम जानकारी मिली है। जल्द ही केस का पूरा खुलासा कर दिया जाएगा।