हर महीने बनाते थे 20 टन मिलावटी सब्जी मसाले, 14 गिरफ्तार
सब्जियों को जायकेदार बनाने के लिए हम जिन मसालों का इस्तेमाल करते हैं उनमें से कई मसालो में बड़ी मात्रा में मिलावट होने का खुलासा हुआ है। बड़े पैमाने पर मिलावट का करोबार करने वाला मसाला माफिया गिरफ्तार किया गया है।
टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार, हैदराबाद से गिरफ्तार हुआ मसाला माफिया राजेश गुप्ता का हैदराबाद से लेकर उत्तर प्रदेश तक मिलावटी का गोरख धंधा करने वालों का नेटवर्क है। गिरफ्तार होने बाद गुप्ता ने बताया है कि वह देश के 11 बडे थोक व्यापारियों को हर महीने करीब 20 टन 700 किलो मिलावटी मसाला सप्लाई करता है।
यही मिलावटी मसाला थोक के व्यापारी खुदरा व्यापारियों को भेजते हैं। मसालों में बड़े पैमाने पर मिलावट करने के आरोप 14 लोग गिरफ्तार हुए हैं।
यूपी के सहारनपुर में होता है मिलावट का खेल
बुधवार को हैदराबाद पुलिस ने शहर के बेगम बाजार इलाके से 11 व्यापारियों समेत 14 लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों से पुलिस ने पूछताछ की तो पता चला कि मिलावट करने वालों के तार यूपी के सहारनपुर तक फैले हैं।
खबरों के अनुसार, मसाला माफिया राजेश गुप्ता का बेटा सहारनपुर की जलालाबाद तहसील में गल्ला व्यापारी का काम करता था लेकिन फरवरी 2010 ये वह मिलावट के कारोबार में कूद गया था।
हैदराबाद के साउथ जोन इलाके डीसीपी वी सत्यनारायण ने गुप्ता ने अपना कारोबार पूर्व सांसद अंजन कुमार यादव की बिल्डिंग में हुसैनआलम के चंद्रिकापुरम में शुरू किया था। लेकिन बाद में इसी जगह पर अंजन कुमार का भाई भी गुप्ता के पास पहुंच गया मिलावट करने की फैक्टरी शुरू कर दी।
मसालों में क्या मिलाया जाता है?
मसालों में मिलावट करने आरोपियों ने बताया है कि वे सबसे ज्यादा मिलावट काली मिर्च, खस-खस, जीरा, शाहजीरा में की जाती थी।
गुप्ता ने बताया कि मिलावट के लिए वे आटा, बनावटी रंग, सिंथेटिक गोंद, पपीता के बीज, आयरन ऑक्साइड, पत्थर का बुरादा, ग्लूकोज, सेमालिना, दीवारों का पेंट, सोडियम हाइड्रोसल्फाइट, झाड़ू वाली सींक, धूल और सफेद लुब्रिकैंट आयल का इस्तेमाल करते थे।
मसालों ये तमाम हानिकारक चीजें मिलाने के बाद ब्रांडेड कंपनियों के खाली डिब्बे खरीदे जाते और फिर उनमें भरकर मिलावटी मसालों को ब्रांडेड मसाला बना दिया जाता था।