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झांसी में डाक्टरों की गुंडई, पैसे न मिलने पर परिजनों को पीटा

Thu, 04 Feb 2016 12:09 PM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, झांसी
ब्यूरो/ अमर उजाला, झांसी Updated Thu, 04 Feb 2016 12:09 PM IST
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patients caretakers beaten by doctors in jhansi

यूपी के झांसी में एक बार फिर मेडिकल कॉलेज के जूनियर डॉक्टरों ने गुंडई दिखाई। आपरेशन करने के लिए बीस हजार रुपये मांगने की शिकायत सीएमएस से किए जाने से भड़के जूनियर डॉक्टरों ने तीमारदार चाचा-भतीजे को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा। हमलावर डॉक्टरों ने महिला को भी नहीं छोड़ा, उसकी भी धुनाई कर दी। पिटाई से चाचा-भतीजे लहूलुहान हो गए।

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मेडिकल कालेज प्रशासन का कहना है कि तीमारदारों ने पहले जूनियर चिकित्सक के साथ मारपीट की थी। ललितपुर के बार निवासी लाखन 24 जनवरी को गांव में हुए झगड़े में हड्डी टूट गई थी। उन्हें मेडिकल कॉलेज के वार्ड नंबर दस में भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि लाखन का आपरेशन होना था, जिसके चलते बुधवार की सुबह डाक्टरों ने 20 हजार रुपये मांगे।
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रुपये देने से मना करने पर डाक्टरों ने अभद्रता की। इस पर घायल के बड़े भाई कृष्ण प्रसाद, उनकी पत्नी गोमती, भतीजे विशनु ने रुपये मांगने की मौखिक शिकायत सीएमएस डा. हरीशचंद्र आर्या से की। डा. आर्या ने सीसीटीवी के फुटेज देखकर कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।
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ऑपरेशन के रुपए मांगने पर हुआ था बवाल

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शिकायत करने के बाद वह लोग वार्ड में पहुंचे तो वहां मौजूद जूनियर डॉक्टरों ने अभद्रता करनी शुरू कर दी। रोगी को चढ़ रही ग्लूकोज की बोतल बंद दी। इस पर परिजन फिर शिकायत करने सीएमएस कार्यालय पहुंचे, लेकिन उस समय सीएमएस अपने कक्ष में नहीं मिले।

इसी बीच वहां एकजुट होकर आए जूनियर डॉक्टरों ने इन पर हमला बोल दिया। उन्होंने तीमारदारों को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा। पिटाई से विशनु लहूलुहान हो गया जबकि उसके चाचा कृष्णा प्रसाद को गंभीर चोटे आई। गोमती ने बीचबचाव किया तो उसकी भी पिटाई कर दी। जूनियर डॉक्टरों द्वारा की जाने वाली पिटाई से चीख पुकार मच गई लेकिन किसी ने भी इनको बचाने का प्रयास नहीं किया।

सूचना मिलने पर जब तक बुंदेलखंड विश्वविद्यालय पुलिस चौकी से फोर्स और सीएमएस पहुंचते तब तक मारपीट करने वाले चिकित्सक भाग निकले। पुलिस ने घायलों से उपचार कराने के लिए कहा मगर भय के चलते उन्होंने इनकार कर दिया। यही नहीं, उन्होंने किसी भी तरह की तहरीर देने से भी मना कर दिया।

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