दंगा पीड़ित किशोरी के एक दुष्कर्मी को भेजा जेल
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दंगा विस्थापित परिवार की गैंगरेप पीड़िता किशोरी का घटना के तीन दिन बीतने के बाद भी मेडिकल नहीं हो सका है। उधर, पुलिस ने पकड़े गए आरोपी शाहरूख को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया, जबकि दो आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।
दंगे के दौरान बागपत से आकर यहां रह रहे परिवार की किशोरी के साथ बुधवार को तीन दरिदों ने दुष्कर्म किया था। पीड़िता के भाई ने गांव अंबेहटा निवासी जुलफाम, गांव गढ़ी दौलत निवासी शाहरूख और जुनैद के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
पुलिस ने मामले में एक आरोपी शाहरूख को गिरफ्तार कर लिया। जबकि किशोरी को शुक्रवार को मेडिकल के लिए भिजवाया। शुक्रवार को शामली सीएचसी पर पहुंची किशोरी को मुजफ्फरनगर रेफर कर दिया, लेकिन वहां पर मेडिकल नहीं हो सका और उसे वापस भेज दिया।
परिजनों ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
देर शाम किशोरी को शामली सीएचसी लाया गया। किशोरी के परिजनों का आरोप था कि उन्हें जान बूझकर घुमाया जा रहा है। परिजनों ने पुलिस पर भी आरोप लगाए। शनिवार को फिर से किशोरी को मेडिकल के लिए ले जाया गया।
थानाध्यक्ष नरेश कुमार यादव ने बताया कि किशोरी को मेडिकल के लिए जिला चिकित्सालय पर ही महिला पुलिस सुरक्षा में रखा गया है। अभी कुछ कारणों से किशोरी की मेडिकल रिपोर्ट नहीं मिली है।
रिपोर्ट मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। पकड़े गए आरोपी को जेल भेज दिया गया है। फरार दो अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है।