बच्चों को डरा रहा स्कूल का भूत, कराया हवन
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एक सरकारी स्कूल भूतों का डेरा होने के शक के कारण 300 लोगों ने हवन और दूसरी धार्मिक क्रियाएं कीं। स्थानीय लोगों को शक है कि इस स्कूल में भूतों का डेरा है।
जयपुर के पास टोंक की इस घटना में करीब 170 छात्र पिछले पांच दिनों से स्कूल नहीं आ रहे थे। ऐसा इसलिए क्योंकि इनमें से तीन छात्र स्कूल में एक लड़की का भूत देखकर बेहोश हो गए थे।
इसके बाद स्कूल में प्रेतात्मा का साया होने के डर के चलते दूसरे अभिभावकों ने भी अपने बच्चों को स्कूल भेजना बंद कर दिया था।
जंगल में आग की तरह फैली भूत की बात
स्कूल में हुए हवन में आसपास के ग्रामीण शामिल हुए। ग्रामीणों ने स्थानीय देवता तेजाजी की भी पूजा-अर्चना की। ग्रामीणों के मुताबिक स्कूल से भूत-प्रेत का डर भगाने के लिए उन्हें तेजाजी ने ही नियमित पूजा-अर्चना करने की सलाह दी थी। इस दौरान शिक्षा विभाग के साथ ही स्थानीय प्रशासन के अधिकारी मौजूद थे।
एक ग्रामीण ने बताया कि बीजवरा स्थित यह स्कूल 11 फरवरी से बंद था। यहां छठी, सातवीं और आठवीं में पढ़ने वाले तीन छात्र तुलसीराम, धर्मराज और शिवराज ने ही स्कूल में लड़की का भूत देखे जाने की बात कही थी। उसके बाद वे बेहोश हो गए थे।
स्कूल में लड़की का भूत देखे जाने की घटना गांव में जंगल की आग की तरह फैली। इसके अगले दिन से ही ग्रामीणों ने अपने बच्चों को स्कूल भेजना बंद कर दिया।
शिक्षा अधिकारियों का दावा, नहीं है भूत
अधिकारियों का कहना था कि स्कूल पूरी तरह सुरक्षित है और उसमें भूत जैसी कोई बात नहीं है।
इसके बाद स्थानीय ग्रामीणों ने स्कूल में पूजा और हवन कराने का फैसला लिया। स्कूल में विशेष पूजा और हवन के दौरान एक ग्रामीण में तेजाजी की सवारी आ गई। तेजाजी ने ग्रामीणों को बताया कि स्कूल में भूत देखे जाने की घटना इसलिए हुई क्योंकि ग्रामीणों ने यहां स्कूल में बने तेजाजी के मंदिर में दो महीनों से पूजा करनी बंद कर दी थी।
मंदिर में नियमित पूजा होने पर भूत भाग जाएगा और वापस नहीं दिखाई देगा।