दाऊद गैंग और छोटा राजन गैंग के 13 गुर्गे, जिनसे खौफ खाती थी मुंबई
1993 के मुंबई सीरियल ब्लास्ट के बाद छोटा राजन डी कंपनी से अलग हो गया था और अपना अलग गैंग बना लिया था। छोटा राजन गैंग और डी कंपनी यानी दाऊद के बीच कई बार गैंगवार भी हुए। इन गैंगवार में दोनों गुटों से कई लोग मारे गए।
लोगों को दहशत से मुक्ति दिलाने के लिए मुंबई पुलिस ने एनकाउंटर करना शुरू किया 1998 से 2003 के दौरान दोनों गैंगों 350 से ज्यादा गुर्गों को मौत के घाट उतार दिया।
लेकिन अभी भी दाऊद और छोटा राजन गैंग के कई प्रमुख गुर्गे मौजूद हैं जो सरकार के लिए मोस्ट वांटेड बने हुए हैं। अब जानते हैं दाऊद और छोटा राजन गैंग के गुर्गों का विवरण-
इन राजनीतिक दलों से भी जुड़ा है दाऊद गैंग
दाऊद गैंगः टाइम्स ऑफ इंडिया के अनुसार, दाऊद गैंग करीब 150 सक्रिस सदस्य मुंबई में हैं जो सट्टेबाजी और राजनीतिक दलों से मिलने-जुलने का काम करते हैं। इस गैंग के लोग कुछ बड़े पुलिस अधिकारियों समेत राजनेता भी हैं। इस गैंग के तार कांग्रेस, राष्ट्रवादी कांग्रेस और समाजवादी पाटी से जुड़े हैं।
दाऊद गैंग यानी डी कंपनी के लोग लंदन, दुबई और सिंगापुर, कोलंबो, काठमांडू और भारत में मौजूद हैं।
इस गैंग के प्रमुख गुर्गे हैं- 1 - छोटा शकील, छोटा शकील दाऊद का सबसे बड़ा वफादार माना जाता है और भारत में डी कंपनी के लिए काम कराता है।
2- फहीम मचमच दाऊद का टेलीफोन ऑपरेटर है जो फोन करके उगाही करने का काम करता है।
3- अनीस इब्राहीम- दाऊद का छोटा भाई अनीस दुबई में दाऊद का कारोबाद देख रहा है।
4- आफताब भटकी- भटकी पाकिस्तामन में कराची में जाली नोटों का धंधा चलाता है।
5- इकबाल इब्राहीम - दाऊद और एक और इकबाल भारत में गैंग के देखरेख के लिए वापस आ गया था।
कौन-कौन है छोटा राजन गैंग के लीडर?
यह गैंग 1993 मुंबई सीरियल धमाकों के बाद बनाया गया था। इस गैंग में मुंबई में दो दर्जन से ज्यादा सक्रिय सदस्य बताए जा रहे हैं। यह रियल स्टेट में दलाली और बिल्डरों से उगाही करता है। कुछ समय पहले छोटा राजन की पत्नी सुजाता एक बिल्डर से उगाही करते पकड़ी गई थी।
इस गैंग के प्रमुख गुर्गे हैं-
1- हेमंत पुजारी- हेमंत छोटा राजन गैंग से अलग होकर खुद होटल मालिकों से उगाही का धंधा देखने लगा था।
2- एजाज लक्कड़वाला- एजाज ने 2000 में अपना अलग ग्रुप बनाया था और बॉलीवुड से जुड़े लोगों को निशाना बनाना शुरू किया था।
3- रवि पुजारी- रवि पुजारी खुद पुलिस का खास होने दावा करता है और मलेशिया में बैठकर अपना गैंग चलाता है।
इन छह गुर्गों ने भी बनाया अपना गैंग
4- अबु सावंत- सावंत छोटा राजन का सबसे वफादार गुर्गा माना जाता है। बताते हैं कि सावंत राजन के प्रबंधक के रूप में काम करता है और तमाम लेनदेन का हिसाब रखता है।
5- बंटी पांडे- पांडे ने छोटा राजन गैंग को छोड़कर अपना खुद का गैंग बना चुका है।
6- विजय मल्होत्रा- इस गैंग के प्रमुख सरगना में से एक रहे मल्होत्रा को कुछ समय पहले दिल्ली से गिरफ्तार कर लिया गया था जो अब जेल में है।
7- डीके राव- राव भी जेल में बंद है और जेल से ही उगाही का धंधा देख रहा है।
8- भारत नेपाली- भारत नेपाल में छोटा राजन का कारोबार देखता था जो 2010 में मार दिया गया है।
9- गुरु सतम- गुरु 2000 में इस गैंग से अलग होकर खुद का गैंग बनाया और साउथ अफ्रीका में अपना कारोबार चला रहा है।