फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   Crime Archives ›   Fraud in the name of RBI

सावधान! आरबीआई के नाम पर धोखाधड़ी

Fri, 08 Aug 2014 03:25 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, आजमगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, आजमगढ़ Updated Fri, 08 Aug 2014 03:25 PM IST
विज्ञापन
Fraud in the name of RBI

सावधान! भारतीय रिजर्व बैंक के गवर्नर रघुराम राजन के नाम से आपको पांच करोड़ रुपये का इनाम जीतने की सूचना का ईमेल मिले तो उस पर विश्वास न करें। अन्यथा ठगी के शिकार हो सकते हैं।

विज्ञापन


ऐसा ही मामला हाल ही में सामने आया है। इसमें इनाम जीतने वाले से टैक्स के रूप में 15 हजार 600 रुपये की मांग की गई है। गवर्नर के नाम से भेजे गए ई-मेल पर भरोसा कर कई लोगों ने रुपये जमा भी कर दिए हैं।
विज्ञापन


उधर, रिजर्व बैंक ने अपनी वेबसाइट पर लोगों को इस प्रकार के ईमेल से बचने के लिए आगाह किया है। मामला यूपी के आजमगढ़ जिले का है।

इनाम में पांच करोड़ निकलने की दी सूचना

Fraud in the name of RBI

आजमगढ़ जिले के एक टीवी चैनल के रिपोर्टर को भेजे गए ई-मेल में आरबीआई के गवर्नर की तरफ से यह बताया गया है कि आरबीआई की तरफ से करवाए गए सर्वे में आपको चुना गया है। आपके नाम पांच करोड़ रुपये का इनाम निकला है।

बहुत जल्द बैंक की तरफ से एक कार्यक्रम आयोजित करके आप सभी लोगों को बुलवाया जाएगा और मुख्य अतिथि के हाथों सभी को इनाम का चेक प्रदान किया जाएगा।

इनाम की तिथि घोषित होने से पूर्व आप सभी लोग आवश्यक कोरम को पूरा कर लें और भारतीय स्टेट बैक के एक खाते में टैक्स के रूप में 15 हजार 600 रुपये तत्काल जमा कर दें। इस मेल पर विश्वास कर कई लोगों ने खाते में धन जमा करवाया है।

टैक्स के नाम पर मांगा था साढ़े पंद्रह हजार

Fraud in the name of RBI

इस संबंध में रिजर्व बैंक आफ इंडिया के प्रिंसिपल चीफ जनरल मैनेजर अल्पना किल्लावाला ने बताया कि ऐसा मामला पता चलने पर आरबीआई की वेबसाइट आरबीआई डाट ओआरजी डाट इन पर प्रेसनोट जारी कर लोगों को इस प्रकार के ईमेल से बचने के लिए आगाह किया गया है।

इस मामले से जुड़ा एक दूसरा प्रेसनोट तीन दिन पूर्व भी वेबसाइट पर डाला गया है। वहीं, पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ दिनेश चंद्र दुबे ने कहा कि कुछ जालसाज किस्म के लोग ऐसे ईमेल लोगों को भेज रहे हैं।

रिजर्व बैंक ऐसे ईमेल्स से सावधान रहने के लिए समय-समय पर गाइडलाइन्स जारी करता रहता है। लोगों को चाहिए कि वे जालसाजों के बहकावे में नहीं आएं।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed