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बिना ताला तोड़े हो गई सवा करोड़ की डकैती!

Sat, 06 Sep 2014 08:30 AM IST
Updated Sat, 06 Sep 2014 08:30 AM IST
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Fourteen million robbery, without lock break

यूपी के बरेली में कार शो रूम मालिक के रामपुर बाग स्थित आवास में सवा करोड़ की डकैती के मामले में कई चौंकाने वाले जानकारियां सामने आ रही हैं। सबसे चौंकाने वाला पहलू यह है कि सवा करोड़ की डकैती के लिए बदमाशों ने एक भी ताला नहीं तोड़ा है।

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फील्ड यूनिट को घर के किसी भी दरवाजे या अलमारी का ताला तोड़ने के निशान नहीं मिले हैं। बदमाश साढ़े चार घंटे तक घर में रुककर डकैती को अंजाम देते रहे हैं लेकिन मौके पर तालों की चाभियां बनाए जाने का कोई सबूत नहीं मिला है। इन्हें मास्टर की से खोलना भी आसान नहीं है।
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सवाल यही उठता है कि क्या बदमाशों के पास डुप्लीकेट चाभियां पहले से ही थी। यानी घर का कोई विश्वस्त डकैती के पीछे है। मामले को चुनौती के रूप में लेते हुए खुलासे को पुलिस ने 10 से अधिक टीमें मैदान में उतारी हैं।
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मौके से फील्ड यूनिट द्वारा उठाए गए सुराग अहम साक्ष्य के रूप में सामने आए हैं। एसपी सिटी राजीव मल्होत्रा का कहना है कि एक तो पॉश कालोनी में ऐसा घर चुनना जिसका मालिक कई दिनों से घर से बाहर है।

रामपुर गार्डन में सवा करोड़ की डकैती

Fourteen million robbery, without lock break

उस पर डकैतों का चार पहिया से आना और साढ़े चार घंटे तक तफसीली से घटना को अंजाम देने का अर्थ है कि घर का ही कोई व्यक्ति घटना के पीछे है। साथ ही सभी बदमाशों के मुंह खुले थे। गैंग शहरी है और प्रोफेशनल है। ताले ऐसे खोले गए हैं कि एक भी टूल मार्क (तोड़े जाने के निशान) नहीं है। फिंगर प्रिंट भी लिए गए हैं उनका मिलान कराने की तैयारी है।

कोरल मोटर्स के एक गार्ड ने पुलिस को बताया है कि सोमवार की सुबह 8.30 बजे कैंट के लाल फाटक इलाके के एक युवक कोठी पर आया था। इस युवक का नाम श्याम बाबू उर्फ श्यामा है। श्यामा से उसकी एक बार कैंट इलाके के एक शराब की दुकान पर मुलाकात हुई थी।

उसने मालिक के बारे में जानकारी मांगी तो उसने बता दिए कि वह विदेश गए हुए हैं। वहां से लौटकर चार-पांच दिन मुंबई में रुकने के बाद घर आएंगे। मंगलवार रात 9.30 बजे वह घर में आया तो गेट भी उसी ने खोला था। दूसरे गार्ड ने बताया कि वह मना करता रहा, लेकिन पहले गार्ड ने एक नहीं सुनी।

बाद में और लोग आ गए। हिरासत में लिए एक नौकर ने बताया कि डकैतों ने सबके साथ मारपीट की और बांध दिया। प्यास लगने पर पानी मांगा तो बाकी सभी को डकैतों ने हड़का दिया लेकिन जिस गार्ड को वह पहचानते थे, उसे पानी एक डकैत ने खुद पानी पिलाया।

तीन डकैतों के स्केच जारी, टीम दिल्ली रवाना

Fourteen million robbery, without lock break

वहीं, इस डकैती के मामले में पुलिस का नौकरों पर शक गहराता जा रहा है। पुलिस चार नौकरों को हिरासत में लेने के बाद बुधवार को नौकरानी माया और उसके पति को भी हिरासत में ले लिया। माया से महिला थाने में एसओ विजय सिरोही और रजनी द्विवेदी पूछताछ कर रही हैं। हालांकि माया भी नौकरों द्वारा दिए गए बयान को ही दोहरा रही है।

एसपी सिटी ने बताया कि रामपुर गार्डन में हुई डकैती में तीन संदिग्ध बदमाशों के रफ स्केच जारी कर किए गए हैं। सभी नौकरों के कॉल डिटेल भी आ गई है। उससे कई क्लू मिले हैं। इसी आधार पर शहर में कुछ अपराधियों के घरों पर दबिश दी जा रही है। इसके साथ एक टीम दिल्ली और दूसरी मुरादाबाद भेजी जा रही है। उन्होंने बताया कि हिरासत में ली गई नौकरानी माया की गतिविधियों के बारे में जेल से भी पता लगाया जा रहा है। हिरासत में लिए गए नौकरों से पूछताछ जारी है।

इस बीच सीओ सिटी प्रथम असित श्रीवास्तव ने बताया कि मामले के खुलासे के लिए गठित आठ टीमों में से पांच टीमें शहर में ही छानबीन कर रही हैं। तीन टीमों को आसपास के जिलों में भेजा गया है।

अब पुलिस नौकरों का वैरिफिकेशन कराएगी

Fourteen million robbery, without lock break

वारदात के बाद पुलिस ने गार्ड रमेश, वोदिल, नौकर सुखसागर और रामू के अलावा ड्राइवर ओमप्रकाश को हिरासत में ले लिया था। माया के पति धनबहादुर से भी कोतवाली में पूछताछ की जा रही है। हालांकि पुलिस अब तक वारदात के खुलासे लायक कुछ भी नहीं उगलवा सकी है। बावजूद इसके पुलिस वारदात के पीछे नौकरों को ही मान रही है।

उधर, अजय अग्रवाल बुधवार सुबह आईजी जकी अहमद से मिले और उन्हें पूरा घटनाक्रम बताया। आईजी के सामने उन्होंने पुलिस से सहयोग मिलने की बात कहने के साथ ही घटना का सही खुलासा करने का अनुरोध किया। व्यवसायी का कहना था कि कोई भी निर्दोष जेल न जाए। इसके बाद आईजी ने एसएसपी से खुलासे के लिए लगाई गई टीमों द्वारा अब तक की गई कार्रवाई की रिपोर्ट तलब की है।

पॉश इलाके में सबसे बड़ी डकैती के बाद पुलिस हर पहलू की जांच में जुटी है। पॉश इलाके की कोठियों में काम करने और वहीं रहने वाले नौकरों के सत्यापन में जुट गई है। प्रेमनगर थाने के एसआई रविशंकर को शहर के सीनियर सिटीजंस की सुरक्षा और घर में तैनात नौकरों की जानकारी जुटाने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसके बाद नौकरों का सत्यापन भी कराया जाएगा। कुतुबखाना चौकी इंचार्ज संजय राय को चोरी का सोना-चांदी खरीदने वालों की सूची तैयार करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। पुलिस मुखबिरों के जरिए इनकी सूची तैयार कर रही है। दोनों ही मामलों की मॉनीटरिंग सीओ सिटी प्रथम कर रहे हैं।

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