स्कूल फीस से बचने के लिए कसाई बाप ने मार डाली तीन मासूम बेटियां
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पाकिस्तान में एक शख्स ने अपनी तीन बेटियों को महज इसलिए मार डाला क्योंकि उनकी पढ़ाई पर पैसे खर्च करना
मामला लाहौर से 135 किलोमीटर दूर चक जुमरा गांव का है। यहां इरशाद अहमद अपनी बीवी, एक बेटे और चार बेटियों
इरशाद की पत्नी शबाना नाज ने आरोप लगाया है कि इरशाद नहीं चाहता था कि बेटियों की पढ़ाई पर पैसा लगाया जाए
इसलिए उसने उसकी तीन बेटियों (सात साल की जुड़वां चश्मन और अमन) और पांच साल की नाज की गला दबाकर
हत्या कर दी।
उस दिन इरशाद ने पत्नी से कहा कि वो बेटे को लेकर शादी में जाए और बेटियों को वो संभाल लेगा। लेकिन पत्नी ने बेटे
के साथ साथ दो साल की सबसे छोटी बेटी को भी साथ ले गई।
अगले दिन जब शबाना घर लौटी तो उसने तीनों बच्चियों के शव पलंग पर पड़े देखे और इरशाद फरार था।
बोझ हो गई थीं बेटियां
बेटियों को बोझ समझता था बाप
इरशाद को कसाई करार देते हुए शबाना ने कहा कि इरशाद हमेशा से ही अपनी बेटियों से नफरत करता आया था।
वो
कहता था कि बेटियां बेकार हैं और उनका जिंदगी में कोई मोल नहीं है। इरशाद कहता था कि बेटियां होने से परिवार में
भुखमरी आती है और इसलिए वो अपनी बेटियों को जेब खर्च के लिए एक पाई तक नहीं देता था।
शबाना ने कहा कि उसने काफी जिद करके तीनों बेटियों को पढ़ने के लिए स्कूल में भेजा लेकिन इरशाद इसे पैसे की
बरबादी मानता था। वो स्कूल की फीस नहीं देता था और इसी वजह से स्कूल की किताबें, फीस और बच्चियों की
यूनिफार्म के पैसे शबाना के मायके वाले देते थे।
शबाना ने बताया कि इरशाद हमेशा धमकी देता था कि वो बेटियों को खत्म कर देगा। जब शबाना ने अपनी सास को इस
धमकी के बारे में बताया तो उसने कहा कि इरशाद मजाक कर रहा है।
कसाई बाप को मिले फांसी
पुलिस मामले की जांच कर रही है और इरशाद की खोज जारी है। उधर गांव वालों का कहना है कि चार चार बेटियों के जन्म से इरशाद इस कदर परेशान हो गया था कि हमेशा बेटियों को कोसता रहता था।
पाकिस्तान में बेटियों को बोझ समझ कर उनकी हत्या का ये पहला मामला नहीं है। इससे पहले 2013 में एक बाप ने अपनी 18 माह की बेटी को इसलिए मार डाला था कि वो बेटा चाहता था।