डकैतों का चुनावी कहर, नोट भी चाहिए और वोट भी
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जैसे-जैसे मतदान के दिन निकट आ रहे हैं, बुंदेलखंड में दस्यु दलों की गतिविधियां तेज होती जा रही हैं। डकैत टोलियों में गांव-गांव घूम कर अपने किसी-न-किसी पसंदीदा प्रत्याशी के पक्ष में मतदाताओं पर हमले कर रहे हैं। मार-पीट कर डरा-धमका रहे हैं। बीती रात एक गांव पर धावा बोल चौकीदार के हाथ-पैर तोड़ गए। जाते जाते धमकी दे गए कि वसूली भी चाहिए और वोट भी।
चित्रकूट में विकास खंड मानिकपुर के ग्राम पंचायत जारोमाफी में मंगलवार की रात डकैतों ने जमकर उपद्रव किया। पूरा गांव घेरकर ग्राम प्रधान और चौकीदार को जमकर पीटा। पत्थर पटककर हाथ-पैर तोड़ दिए।
डकैत एक प्रत्याशी को वोट देने के लिए धमका गए कि वसूली भी चाहिए और वोट भी। गंभीर अवस्था में प्रधान, चौकीदार के परिजन उन्हें अस्पताल ले गए।
गांवों में फैली दहशत
इससे पहले सोमवार की रात रामपुर कल्याणगढ़ के बंधुआ कोलान गांव में डकैतों ने वृद्ध विहारी, राजकुमार, ओमप्रकाश, राकेश, मुन्नी लाल, भईयालाल, सुंदरलाल को घरों से खींचकर पीटा था।
पाठा क्षेत्र के लगभग 35 गांव दस्यु प्रभावित है। इन गांवों के लोग दहशत में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है। न कोई रंजिश, न दुश्मनी। डकैतों का कहर पूरी तरह चुनावी है। चोट देकर वोट मांगने के लिए दहशत फैलायी जा रही है। दो माह पहले चुनावी चर्चा शुरू होते ही यह सिलसिला शुरू हुआ है। पहले भरतकूप क्षेत्र में ग्रामीणों को खौफजदा किया और अब लगातार कई रातों से वही खेल मानिकपुर के दस्यु प्रभावित क्षेत्रों में जारी है।
बांदा के नरैनी में दस्यु सरगना संग्राम सिंह से आतंकित ग्रामीण रात को टोलियों में अपनी सुरक्षा के इंतजाम खुद संभाल रहे हैं। कालिंजर थाने के दो सिपाही गांव में तैनात हैं। नौगवां के मजरा सुल्तान पुरवा के किसान गुलाब अहमद ने बताया कि संग्राम ने फोन पर कहा है कि वह नौगवां गांव के सादिक से कह दे कि 50 हजार रुपए 4 दिन के अंदर उसके पास भेज दे। वरना उसके खेतों और मकान में वह आग लगा देगा।