ओसामा की कई चीजें हुई सार्वजनिक, जानिए क्या था उसके कमरे में
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दुनिया को अपने आतंक से दहलाने वाले आतंकी संगठन अलकायदा के मुखिया ओसामा बिन लादेन को उसके ही घर में घुसकर मौत के घाट उतारते के ठीक चार साल बाद अमेरिका ने वो तमाम सामग्री और काजात सार्वजनिक कर दिए हैं जो उसके के कमरे में मिला था।
द गार्जियन के अनुसार, अमेरिका ने ओसामा की हत्या के वक्त उसके कमरे से बरामद सामग्री में से करीब 100 से ज्यादा कागजातों जांच करने के बाद उन्हें सार्वजनिक किया है। इन कागजातों में जिहाद को बढ़ावा देने वाली पत्रिका किताबें और मशहूर अंग्रेजी लेखक नॉम चोम्स्की की किताबें हैं।
अमेरिका की ओर से सार्वजनिक किए गए दस्तावेजों में ओसामा और अन्य आतंकी नेताओं के बीच जारी हुए पत्र, ओसामा के परिवारिक सदस्यों बीच लिखी गई चिट्ठियां और अल कायदा का सदस्यता फॉर्म जैसी कई चीजें मिली हैं।
इस्लामिक विचारकों किताबें पढ़ता था ओसामा
2 मई 2011 को अमेरिकी ड्रोन हमले में मारे गए आतंकी नेता ओसामा बिन लादेन के घर में पुस्तकालय भी था जिसमें इस्लामिक विचारकों की लिखी किताबें बहुतायत में थीं। इस्लामिक और जिहादी विचारों के अलावा ओसामा करेंट अफेयर (समसमायिकी), इतिहास और अंग्रेजी लेखकों जैसे नॉम चॉम्स्की और बॉब वुडवर्ड की लिखी किताबें भी पढ़ता था।
बताया कि जा रहा है कि अमेरिकी जांच एजेंसी सीआईए ने एक गहन जांच के बाद ये दस्तावेज सार्वजनिक किए गए हैं। सीआईए के प्रवक्ता जैफरी ने कहा है कि ओसामा के तमाम दस्तावेजों की जांच अभी भी जारी है।
हालांकि ओसामा बिन लादेन के नाम से सार्वजनिक की गई चीजों पर अमेरिका के वरिष्ठ पत्रकार सेमौर हर्ष ने संदेह जताया है। उन्होंने अपने एक लेख में लिखा है कि सीआईए ने ओसामा पर हमला करने से पहले और हमला करने के बाद लोगों को गुमराह किया है। ऐसे में सार्वजनिक किए गए तस्तावेजों को सच मानना मुश्किल है। उन्होंने कहा कि यह भी सीआईए की एक साजिश का हिस्सा हो सकते हैं।
ओसामा ने लिखा संदेश के लिए इंटरनेट अच्छा है
सार्वजनिक हुए दस्तावेजों में एक पत्र में ओसामा दूसरे आतंकी नेता को पत्र लिखते हुए कहा कि वे बड़े ग्रुप में कभी भी एकट्ठा न हों क्योंकि वे ड्रोन हमले का शिकार हो सकते हैं।
ओसामा ने पत्राचार में हो मुश्किलों का भी जिक्र किया है। उसने लिखा है कि साधारण संदेशों के लिए इंटरनेट एक अच्छा साधन है लेकिन मुजाहिद्दीन इंटरनेट की इजाजत नहीं देता इसलिए उनसे बातचीत का साधन सिर्फ कोरियर है।
ओसामा ने अपने साथियों से कहा था कि जब भी कोई डॉक्टर उसे देखने आता है तो डॉक्टर से बात करने वाले मोबाइल और सिम तोड़ दें। ओसामा ने अपने साथियों और डॉक्टर को उर्दू सीखने की भी सलाह दी थी क्योंकि उसका मानना था कि सुरक्षा के लिहाज से उर्दू ठीक है।