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क्या होता है ईपीएस?
नई दिल्ली/कारोबार डेस्क
Updated Mon, 25 Mar 2013 11:03 AM IST
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अकसर हम ईपीएस के बारे में सुनते और पढ़ते हैं। चलिए आज जानते हैं आखिर क्या होता है ईपीएस। ईपीएस यानी प्रति शेयर आय (अर्निंग प्रति शेयर)। ईपीएस किसी कंपनी की आर्थिक स्थिति का आकलन करने में महत्वपूर्ण घटक होता है।
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यह कंपनी के शुद्ध लाभ का वह भाग होता है जो जारी किये गए प्रत्येक शेयर (प्रतिभूति) पर दिखाया जाता है। यह कंपनी के लाभ को प्रति शेयर के अनुसार दर्शाता है।
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सामान्य शब्दों में समझें तो अर्निंग प्रति शेयर का संबंध प्रति शेयर होने वाली आमदनी से होता है। यह शेयरधारकों को होने वाले प्रति शेयर शुद्ध लाभ या हानि को व्यक्त करता है। कंपनी के शेयर मूल्य निर्धारण में इसका अहम रोल होता है।
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यहां आय से मतलब उस आमदनी से है, जो शेयरधारक को होती है। ईपीएस की गणना करने के लिए फर्म की कुल शुद्ध आय में से वरीय शेयरों (प्रेफरेंस शेयर) को दिए जाने वाले लाभांश को घटाकर शेष राशि को जारी किए गए शेयर से भाग दिया जाता है। इसके लिए साल भर के औसत शेयरों को लिया जाता है।
मान लीजिए, यदि किसी कंपनी की आय 20 करोड़ रुपये है और उसके 4 करोड़ शेयर जारी हैं, तो उसकी मूल ईपीएस 5 रुपये होगी।