फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   Business archives ›   together to achieve goals of energy security

सरकार मिलजुल कर हासिल करे ऊर्जा सुरक्षा के लक्ष्य

Thu, 25 Oct 2012 06:53 PM IST
नई दिल्ली/कारोबार डेस्क
नई दिल्ली/कारोबार डेस्क Updated Thu, 25 Oct 2012 06:53 PM IST
विज्ञापन
together to achieve goals of energy security

भारत को तेल एवं गैस उत्खनन और उत्पादन क्षेत्र में आत्म निर्भर बनने के साथ ही ऊर्जा सुरक्षा के लक्ष्य को हासिल करने के प्रयास करने चाहिए। यह देश की जीडीपी को रफ्तार देने में काफी सहायक साबित होगा।

विज्ञापन


प्राइसवॉटरहाउसकूपर्स की ओर से भारत में तेल एवं गैस उत्खनन व उत्पादन उद्योग पर जारी एक समीक्षा रिपोर्ट में कहा गया है कि ऊर्जा के क्षेत्र में भारत के आयात मुक्त हो जाने पर हासिल होने वाले आर्थिक लाभ की बदौलत देश के मौजूदा जीडीपी में 6.5 फीसदी की वृद्धि होगी। यदि 50 फीसदी घरेलू जरूरत भी घरेलू उत्पादन से पूरी की जा सके, तो इससे 47.2 अरब डॉलर का अतिरिक्त मूल्य हासिल होगा। इससे अगले 20 वर्षों में 37 लाख व्यक्तियों के लिए रोजगार के मौके पैदा हो सकते हैं।
विज्ञापन


रिपोर्ट में केंद्र सरकार, सरकारी तेल कंपनियों, निजी व देश में निवेश करने वाली कंपनियों, सेवा क्षेत्र और राज्य सरकारों के साथ भागीदारी करते हुए ऊर्जा सुरक्षा के लक्ष्य को हासिल करने की सलाह दी गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


रिपोर्ट के बारे में पीडब्लूसी इंडिया के प्रमुख (ऑयल एंड गैस) दीपक महुरकर ने कहा कि ऊर्जा सुरक्षा के चलते हासिल होने वाले आर्थिक फायदे जबर्दस्त होते हैं। हमें भारत के परिदृश्य में आज बेहद महत्वपूर्ण बन चुके ऊर्जा क्षेत्र के बारे में चर्चा करने की जरूरत है। जिससे इस बात पर सहमति बनाई जा सके कि खनन और उत्पादन क्षेत्र को किस प्रकार विकसित किया जाना चाहिए।

2011-12 में भारत का तेल आयात देश के कुल निर्यात का लगभग 50 फीसदी था। रिपोर्ट के मुताबिक, देश का 54 फीसदी व्यापार घाटा तेल कारोबार में घाटे के चलते रहा। इसकी वजह से ही रुपये की कीमत कमजोर होती गई और विदेशी मुद्रा विनिमय पर 12.8 अरब डॉलर का दबाव बना। रिपोर्ट में कहा गया है कि यदि भारत अपने मौजूदा घरेलू उत्पादन से 1.7 करोड़ टन अधिक उत्पादन कर लेता तो इस स्थिति को रोका जा सकता था।


रिपोर्ट में ऊर्जा सुरक्षा के लक्ष्य को हासिल करने और भारत में सर्विस क्षेत्र को विकसित करने पर जोर दिया गया है। आर्थिक लाभ के अलावा, आत्म-निर्भरता से सरकार को पेट्रोलियम क्षेत्र से मिलने वाले मौजूदा राजस्व से 25 फीसदी अतिरिक्त राजस्व प्राप्त हो सकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed