फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   Business archives ›   rail fare will increase at least 15 percent

जानिए, कितनी महंगी होगी रेल यात्रा?

Tue, 17 Jun 2014 12:56 PM IST
Updated Tue, 17 Jun 2014 12:56 PM IST
विज्ञापन
rail fare will increase at least 15 percent

अगले महीने बजट सत्र में रेलवे सभी दर्जे की ट्रेनों तथा मालभाड़े में 15 प्रतिशत तक किराये में वृद्धि करने जा रहा है। रेलवे की आर्थिक सेहत सुधारने के लिए पीएमओ से हरी झंडी मिलने के बाद यह कड़वा फैसला लिया गया है।

विज्ञापन


अगले महीने सात जुलाई से बजट सत्र शुरू होने जा रहा है। अनुमान है कि दस जुलाई को संसद में रेल बजट पेश किया जा सकता है। रेलवे बोर्ड ने बजट संबंधी तैयारियां शुरू कर दी हैं।
विज्ञापन


रेलवे में आधारभूत ढांचे का विकास नई सरकार की महत्वपूर्ण आकांक्षा है। इसे पूरा करने में धन की कमी सबसे बड़ी मुश्किल है। यूपीए सरकार में रेलमंत्री मल्लिकार्जुन खड़गे ने अंतरिम बजट में भी रेल किराया व माल भाड़े में वृद्धि का प्रस्ताव किया था। बाद में उस फैसले को लागू नहीं किया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन

सरकार के लिए चुनौतीपूर्ण होगा फैसला

rail fare will increase at least 15 percent

पिछले बजट में तत्कालीन मंत्री पवन कुमार बंसल ने रेल किराया व मालभाड़ा तय करने के लिए आरटीए (रेल टैरिफ अथारिटी) के गठन की घोषणा की थी।

अथॉरिटी का गठन होने तक फ्यूल एडजस्टमेंट कंपोनेंट (एफएसी) नीति के तहत बिजली व डीजल की कीमतों में वृद्धि के आधार पर किराया बढ़ाने की बात कही गई थी।

इसी आधार पर 16 मई को लोकसभा चुनाव परिणाम की घोषणा के साथ ही बोर्ड ने सभी दर्जे के किराए व माल भाड़े में लगभग पंद्रह फीसदी की वृद्धि किए जाने का आदेश जारी कर दिया था, लेकिन कांग्रेसी मंत्री खड़गे ने इसे आने वाली भाजपा सरकार मत्थे टालते हुए फैसले के अमल पर रोक लगवा दी थी।

रेलवे को घाटे से उबारने की तैयारी

rail fare will increase at least 15 percent

अब जैसा की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी संकेत दे चुके हैं कि अर्थव्यवस्था की सेहत के लिए सरकार कड़वे फैसले लेने जा रही है। इसी क्रम में रेल मंत्री सदानंद गौड़ा ने भी किराया व मालभाड़े को तर्कसंगत बनाने का फैसला लिया है।

सूत्रों का दावा है कि रेलवे किराया व मालभाड़े में 15 फीसदी से ज्यादा की भी वृद्धि संभव है। रेलवे अगले कुछ साल में ट्रेनों के संचालन को घाटे की स्थिति से बाहर लाने को प्रतिबद्ध है।

लेकिन इस फैसले से महंगाई में वृद्धि तथा आम आदमी की नाराजगी की संभावना को देखते हुए सरकार पर कई तरह के दबाव भी हैं। रेल मंत्रालय अभी बजट में किराए के प्रस्ताव को शामिल करने की दिशा में अग्रसर हो चुका है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed