'मैगी' के बाद 'हल्दीराम' पर भी लग सकता है प्रतिबंध
महाराष्ट्र सरकार ने बुधवार को अपने स्वास्थ्य नियामक संस्था से हल्दीराम के पैकेज्ड स्नैक्स के नमूनों की जांच कर यह बताने को कहा कि क्या ये मानव उपभोग के लिए सही हैं। इस बारे में खाद्य मंत्री (राज्य) विद्या ठाकुर ने कहा कि उन्होंने इस मामले में एफडीए कमिश्नर हर्षदीप कांबले को पत्र लिखकर उत्पाद के नमूनों को इकट्ठा कर इसकी लैब में जांच कराने को कहा है। उन्होंने एफडीए से इसकी जल्द से जल्द रिपोर्ट देने को भी कहा है।
उन्होंने इसकी जांच के बारे में बताया कि यह फैसला अमेरिका से आ रही रिपोर्टों के बाद लिया गया है। रिपोर्टों के मुताबिक हल्दीराम के खाद्य पदार्थों में कीटनाशक और सल्मोनेला नामक बैक्टीरिया पाए जाने के बाद इस पर प्रतिबंध लगा दिया गया है।
मैगी के बाद हल्दीराम का नंबर
उन्होंने अपने पत्र में लिखा, 'यह एक बेहद ही गम्भीर मामला है। हल्दीराम के उत्पादों का निर्माण महाराष्ट्र में ही होता है और बड़ी संख्या में लोगों इसका उपभोग करते हैं। इस बात की जांच करनी बेहद ही जरुरी है कि इसके खाद्य उत्पाद मानव उपभोग के लिए फिट हों।'
हल्दीराम के उत्पादों की जांच का मामला 'मैगी' विवाद के बाद सामने आया है। नेस्ले के इस उत्पाद में मानक से ज्यादा लेड की मात्रा पाए जाने के बाद इसे बाजार से हटा दिया गया। इस विवाद में फिलहाल हल्दीराम की तरफ से कोई बयान जारी नहीं किया गया है।