फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   News Archives ›   Business archives ›   Indian audience liking Discovery ID Channel

अनूठेपन के कारण भा रहा है डिस्कवरी आईडी चैनल

Thu, 11 Dec 2014 09:26 AM IST
नई दिल्ली/ ब्यूरो
नई दिल्ली/ ब्यूरो Updated Thu, 11 Dec 2014 09:26 AM IST
विज्ञापन
Indian audience liking Discovery ID Channel

दक्षिण एशिया में पिछले 13 वर्षों में डिस्कवरी नेटवर्क ने अपने 12 ब्रांडों को मजबूती के साथ स्थापित किया है। इनमें डिस्कवरी चैनल, एनिमल प्लेनेट, टीएलस्री, आइडी इन्वेस्टीगेशन डिस्कवरी, डिस्कवरी किड्स, डिस्कवरी साइंस, डिस्कवरी टर्बो, डिस्कवरी एचडी वर्ल्ड, टीएलसी एचडी वर्ल्ड, एनिमल प्लेनेट एचडी वर्ल्ड, डिस्कवरी तमिल और डिस्कवरी चैनल इंडिया मैग्जीन शामिल हैं। डिस्कवरी के इन ब्रांडों की स्थापना और विस्तार में डिस्कवरी नेटवर्क्स एशिया-पैसिफिक के एक्जीक्यूटिव वाइस प्रेसिडेंट एंड जनरल मैनेजर, साउथ एशिया एंड साउथईस्ट एशिया राहुल जौहरी की अहम भूमिका रही है। उनके पास कंपनी के लिए आय, पार्टनरशिप व्यूवरशिप ग्रोथ व कंटेंट क्रिएशन जैसे महत्वपूर्ण कार्यों का जिम्मा भी है। जौहरी को उनके बेहतर प्रदर्शन के लिए 2013 में ब्रॉडकॉस्टिंग इंडस्ट्री अवार्ड्स में सीईओ ऑफ दि ईयर का पुरस्कार भी मिला। अमर उजाला ने विभिन्न विषयों पर जौहरी के साथ बातचीत की। पेश हैं बातचीत के अंश-

विज्ञापन


आईडी अमेरिका में काफी सफल चैनल है, भारत में यह क्या नया लेकर आ रहा है और यह किस तरह से टेलीविजन क्षेत्र के परिदृश्य में बदलाव ला सकता है?

आईडी को अमेरिकी टेलीविजन बाजार में भारी सफलता मिली है। हमने इसे सितंबर में भारत में देश के सबसे बड़े मीडिया-टेलीविजन इवेंट गोवा फेस्ट के दौरान लांच किया था। इस चैनल को 15 वर्ष से ऊपर के महिलाओं और पुरुषों को ध्यान में रखते हुए लांच किया गया है। इस हिंदी चैनल के कार्यक्रम अकेले और परिवार के साथ, दोनों ही लिहाज से देखने लायक हैं। हमारे अध्ययन के मुताबिक भारतीय दर्शक अपराध और उनकी वास्तविक जांच-पड़ताल से जुड़े कार्यक्रमों को देखना काफी पसंद करते हैं। हिन्दी में इस तरह के कार्यक्रमों के भारी अभाव को देखते हुए ही हमने आईडी चैनल को लांच किया है।
विज्ञापन


इस साल कुछ और चैनल लांच हुए हैं। इन सबके बीच आईडी किस तरह अपने आप को मनोरंजन उद्योग में बरकरार रख पाएगा?
आईडी को उसके उच्च स्तरीय और अलग तरह के कार्यक्रमों की वजह से पसंद किया जा रहा है। यह फिलहाल 2.8 करोड़ लोगों तक पहुंच रहा है और इसने हिन्दी के मनोरंजन उद्योग को एक नया आयाम दिया है। आईडी चैनल पूरे देश में टाटा स्काई, डिश टीवी, एयरटेल, वीडियोकॉन डी2एच, सिटी केबल, हैथ्वे, डेन, जीटीपीएल, इन-डिजिटल और डिजी केबल जैसे डिजिटल और एनालॉग प्लेटफार्म पर उपलब्ध है।
विज्ञापन
विज्ञापन


आईडी चैनल की शुरुआत से लेकर अबतक इसके दर्शकों की संख्या में किस तरह बढ़ोतरी हुई?
इस समय आईडी की साप्ताहिक दर्शक संख्या 50 लाख है। इसने हिन्दी मनोरंजन उद्योग को नया विस्तार दिया है।

आने वाले समय में आईडी में किस तरह के नए शो आने वाले हैं?
आईडी ने लापता, अपहरण, धोखाधड़ी, नरसंहार, ट्विस्टेड माइंड और एविल किन के कार्यक्रमों ने एक नया विविधता पूर्ण क्षेत्र शुरू किया है। इन सबसे जुड़ कार्यक्रमों को चैनल पर 8 बजे से लेकर रात 11 बजे तक प्रसारित किया जाता है। आईडी चैनल की डिसएपीयर्ड सिरीज के तहत गुमशुदा व्यक्तियों के कई ऐसे मामलों को प्रस्तुत किया गया है जिनके मामलों में ऐसे मोड़ आए जिनकी कल्पना नहीं की जा सकती। इसी तरह हू द (ब्लीप) डिड आई मैरी और आई वाज मर्डर्ड जैसे कार्यक्रमों कई हैरतअंगेज मामलों को पेश किया गया है। इसी तरह आईडी चैनल के इविल, आई मैरिड ए मॉब्सटर और ब्लड रिलेटिव जैसे कार्यक्रम अपनी तरह में अनूठे और उल्लेखनीय हैं।

आईडी चैनल पूरी तरह से अपराध, रहस्य और तहकीकात वाले कार्यक्रमों पर आधारित है। यह भारतीय दर्शकों को किस तरह से प्रभावित कर पाएगा?
आईडी चैनल के कार्यक्रम नई तरह के हैं और इनकी शिड्यूलिंग भी दर्शकों की मांग को ध्यान में रखते हुए की गई है। कार्यक्रम इस तरह से तैयार किए गए हैं कि यह हिंसा व अपराध को बढ़ावा नहीं देते, बल्कि लोगों को इन सबके प्रति सतर्क करते हैं। इसलिए दर्शकों के बीच इसकी जगह बनती जा रही है।


भारतीय मनोरंजन उद्योग में इस समय सास-बहू टाइप के कार्यक्रमों का बोलबाला है, ऐसे में आईडी जैसा चैनल किस तरह लोगों को लुभा पाएगा?
भारतीय टेलीविजन जगत पर काफी समय से एक ही तरह के रोजाना दिखाए जाने वाले धारावाहिकों (डेली सोप्स) का बोलबाला है, पर अब दर्शक इससे कटकर चीजें देखना चाहते हैं। ऐसे में आईडी चैनल के लिए उससे विविधता पूर्ण और अलग तरह के कार्यक्रमों के चलते काफी व्यापक संभावनाएं मौजूद हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed