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बढ़ी महंगाई सस्ते कर्ज की राह में बन सकती है रोड़ा
नई दिल्ली/एजेंसी
Updated Sat, 13 Jul 2013 01:30 PM IST
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अनाज-दाल, दूध, फल, सब्जी, अंडा, मांस और मछली के महंगा होने से खुदरा महंगाई की दर तीन माह बाद फिर बढकर जून में 9.87 प्रतिशत पर पहुंच गई। इस वर्ष मई में महंगाई दर 9.31 प्रतिशत थी।
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केन्द्रीय सांख्यिकी कार्यालय, सीएसओ की तरफ से जारी आंकडों में यह जानकारी दी गई है।
ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के लिए जून 2013 की महंगाई दर क्रमशः 9.63 और 10.13 प्रतिशत रही है। मई में यह क्रमशः 8.98 प्रतिशत और 9.65 प्रतिशत रही।
खुदरा महंगाई की दर में फिर से बढोतरी रिजर्व बैंक के लिए चिंता का विषय बन सकती है। रिजर्व बैंक लगातार महंगाई को लेकर सतर्क करता आ रहा है।
बैंक 30 जुलाई को चालू वित वर्ष के लिए पहली तिमाही की ऋण एवं मौद्रिक नीति की समीक्षा की घोषणा करेगा।
उद्योग जगत नीति में ब्याज दरों में कमी की उम्मीद लगाये हुए हैं जबकि महंगाई में फिर बढोतरी रिजर्व बैंक के लिए चिंता बन सकती है।
ऐसे में आरबीआई रेपो रेट या नकद आरक्षित अनुपात (सीआरआर) में कटौती से परहेज कर सकता है। ऐसे में कर्ज सस्ता होने का इंतजार कर रहे उद्योग जगत को एक बार फिर निराश होना पड़ सकता है।
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