{"_id":"bc86d96944bc263951c08371bccd50df","slug":"goldman-sachs-slams-anand-sharma-s-alligation","type":"story","status":"publish","title_hn":"रिपोर्ट में मोदी का नाम लेना गलती नहीं: गोल्डमैन","category":{"title":"Business archives","title_hn":"बिज़नेस आर्काइव","slug":"business-archives"}}
रिपोर्ट में मोदी का नाम लेना गलती नहीं: गोल्डमैन
अमर उजाला, दिल्ली
Updated Sat, 09 Nov 2013 04:15 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
आम चुनावों में भाजपा के प्रधानमंत्री पद उम्मीदवार नरेंद्र मोदी की जीत की उम्मीद जताने वाले ग्लोबल इनवेस्टमेंट बैंक गोल्डमैन सैक्स ने वाणिज्य और उद्योग मंत्री आनंद शर्मा के आरोपों को नकार दिया है।
विज्ञापन
गोल्डमैन ने जारी बयान में कहा है कि रिपोर्ट निवेशकों की धारणा पर आधारित है और इस रिपोर्ट में किसी तरह का कोई राजनीतिक पक्ष नहीं लिया गया है।
गोल्डमैन ने कहा कि रिपोर्ट में ही विश्लेषक का राजनीतिक विचार शामिल किया है। हालांकि, गोल्डमैन ने माना कि निवेशकों की धारणा राजनीति से प्रभावित होती है और अपनी इस रिपोर्ट पर वह कायम है।
विज्ञापन
गोल्डमैन की रिपोर्ट से कांग्रेस ख्ाफा
गोल्डमैन सैक्स की रिपोर्ट में मोदी गुणगान के बाद से कांग्रेस पार्टी नाराज है। गोल्मैन की इस रिपोर्ट पर वाणिज्य और उद्योग मंत्री आनंद शर्मा ने आलोचना की है।
विज्ञापन
वाणिज्य और उद्योग मंत्री आनंद शर्मा ने कहा कि किसी एजेंसी या संगठन को अपने काम पर ध्यान देना चाहिए। नाराजगी जाहिर करते हुए शर्मा ने कहा कि हम उन लोगों की रिपोर्ट को भारतीय लोकतंत्र में शामिल नहीं कर सकते हैं।
इस रिपोर्टें पर पलटवार करते हुए उन्होंने कहा कि ऐसी रिपोर्ट दबाव में और नमक-मिर्च लगाकर तैयार की जाती हैं और ये उचित नहीं है।
गोल्डमैन सैक्स ने की थी मोदी की तारीफ
निवेश बैंक ने अपनी रिपोर्ट में कहा था कि भारतीय जनता पार्टी अपने प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में 2014 के संसदीय चुनावों में जीत सकती है।
अपनी रिपोर्ट में गोल्डमैन सैक्स ने कहा है कि राजनीतिक परिवर्तन के प्रति आशावाद से भारतीय अर्थव्यवस्था में चिंताएं बढ़ रही हैं।
वर्तमान चुनाव सर्वेक्षणों से यह पता चलता है कि राज्य विधानसभा चुनावों में भाजपा अच्छा प्रदर्शन करेगी। जो अगले वर्ष के आम चुनाव के लिए सूचक माना जा रहा है।
हालांकि आम चुनावों के परिणाम अनिश्चित है। बाजार दो तिमाही तक इसका कारोबार कर सकते हैं।