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कोल इंडिया के विनिवेश की योजना पर ग्रहण
अमर उजाला, दिल्ली
Updated Tue, 24 Sep 2013 02:10 AM IST
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कोल इंडिया के विनिवेश की योजना पर बाजार की मंदी ने ग्रहण लगा दिया है।
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बाजार की कमजोर स्थिति को देखते हुए सरकार ने कर्मचारी यूनियन को फिलहाल विनिवेश नहीं करने का आश्वासन दिया है। इसके चलते यूनियन ने तीन दिवसीय हड़ताल पर जाने का फैसला टाल दिया है।
यूनियनों का कहना है कि सरकार उनकी कई मांगों से सहमत है। माना जा रहा है कि दिसंबर तक विनिवेश होने की संभावना नहीं है। इसलिए हड़ताल पर जाने का फैसला वापस ले लिया गया है।
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सूत्रों के मुताबिक कोयला मंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल कंपनी के विनिवेश को लेकर ज्यादा उत्सुक नहीं हैं। मुश्किलों से जूझ रही अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए कंपनी के विनिवेश का विकल्प उन्हें ज्यादा हितकर नहीं लग रहा है।
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उन्होंने वित्त मंत्री पी चिदंबरम को भी इसका संकेत दिया था। लेकिन विनिवेश लक्ष्य को पूरा करने के लिए वित्त मंत्रालय कोल इंडिया के विनिवेश को जरूरी मान रहा है।
मंत्रालय के सूत्रों के मुताबिक ऐसी स्थिति में कंपनी के 5 फीसदी शेयर बायबैक की योजना पर गंभीरता से विचार किया जा रहा है। वही विशेष लाभांश की घोषणा कर रकम उगाही का प्रस्ताव भी है।
केंद्र सरकार ने चालू वित्त वर्ष में 40 हजार करोड़ रुपए विनिवेश का लक्ष्य रखा है।
अगर कोल इंडिया के 10 फीसदी विनिवेश पर सहमति बनती तो 20 हजार करोड़ रुपए की उगाही हो सकती है लेकिन यूनियन के सहमत नहीं होने के कारण अब पांच फीसदी बायबैक पर विचार किया जा रहा है।