सोने पर सरकार करेगी बड़ा फैसला, क्या होगा अब?
सोने के आयात में अक्टूबर 2014 के दौरान 300 फीसदी की बढ़ोतरी होने से परेशान केन्द्र सरकार शीघ्र ही इसके आयात पर शिकंजा कसने जा रही है। इस बारे में एक या दो दिन में फैसला हो सकता है।
वित्त मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने अमर उजाला से बातचीत में यह संकेत दिया। उनके मुताबिक सोने का आयात खतरनाक ढंग से बढ़ गया है और इस पर शिकंजा कसने के लिए शीघ्र ही कुछ कदमों की घोषणा हो सकती है।
उल्लेखनीय है कि बीते अक्टूबर में 4.17 अरब डालर के मूल्य के सोने का आयात किया गया जबकि एक साल पहले इसी अवधि में 1.09 अरब डालर के मूल्य के सोने का आयात हुआ था। अधिकारियों का कहना है कि अक्टूबर 2014 में व्यापार घाटा 13.35 अरब डालर तक पहुंच गया, उसमें बहुत कुछ योगदान सोने का है।
रिजर्व बैंक का फार्मूला
एक वर्ष पहले इसी महीने में व्यापार घाटा 10.59 अरब डालर का था। वित्त मंत्रालय के एक अन्य अधिकारी के मुताबिक इस समय मंत्रालय के अधिकारी रिजर्व बैंक के साथ संपर्क में है ताकि इसके लिए उपयुक्त कदम उठाया जा सके।
गौरतलब है कि इससे पहले रिजर्व बैंक ने ही सोने के आयात पर 80 और 20 का फार्मूला लगया था। इसका अर्थ है कि यदि 100 किलो सोने का आयात किया जाता है तो उसमें से कम से कम 20 किलो सोने का आभूषण बना कर उसे निर्यात करना होगा।
इससे आयात काफी घट गया था लेकिन इससे घरेलू आभूषण व्यापारी बेहद नाराज थे। इस दौरान सोने की तस्करी की भी घटना खूब बढ़ी। लेकिन इन कदमों से स्वर्ण आयात काफी हद तक थम गया था।