14 सौ करोड़ रुपये के फार्मा सौदों को मंजूरी
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प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई यूपीए सरकार की आखिरी कैबिनेट बैठक में 1,434 करोड़ रुपये की फार्मा डील को मंजूरी मिल गई है। इस एफडीआई सौदे के तहत सिंगापुर की प्राइवेट इक्विटी फर्म केकेआर दो फार्मा कंपनियों में हिस्सेदारी खरीदेगी।
सरकार के आखिरी दिनों में इतने बड़े सौदे की मंजूरी को लेकर प्रधानमंत्री कार्यालय और औद्योगिक नीति एवं संवर्धन विभाग में मतभेद के चलते मामला अटकता रहा है। मंजूर हुए सौदे के मुताबिक, हैदराबाद की ग्लैंड फार्मा में केकेआर प्राइमरी इनवेस्टमेंट और एक मौजूदा निवेशक से शेयर खरीदकर करीब 38 फीसदी हिस्सेदारी हासिल करेगी।
इसके अलावा केकेआर को ग्लैंड सेल्सस बायो केमिकल्स में भी 24.9 फीसदी हिस्सेदारी खरीदने की अनुमति मिल गई है। ग्लैंड फार्मा में केकेआर करीब 1,150 करोड़ रुपये का निवेश करेगी।
भेल की हिस्सेदारी बेचने को मंजूरी
भारत हैवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (भेल) की 4.66 फीसदी हिस्सेदारी बेचने के फैसले को कैबिनेट की आर्थिक मामलों की समिति ने स्वीकार कर लिया है।
यह हिस्सेदारी ब्लॉक डील के तहत बेची गई थी। इसके पहले, वित्त मंत्रालय ने एलआईसी को भेल की 4.66 फीसदी हिस्सेदारी 1,889 करोड़ रुपये में बेची थी। ब्लॉक डील के बाद भेल में सरकार की हिस्सेदारी 67.72 फीसदी से कम होकर 63.02 फीसदी रह गई है।