{"_id":"4c92661c-d6ac-11e2-8462-d4ae52bc57c2","slug":"bank-officials-have-more-opportunities-for-promotion","type":"story","status":"publish","title_hn":"बैंक अधिकारियों को मिलेंगे प्रोमोशन के ज्यादा अवसर","category":{"title":"Business archives","title_hn":"बिज़नेस आर्काइव","slug":"business-archives"}}
बैंक अधिकारियों को मिलेंगे प्रोमोशन के ज्यादा अवसर
नई दिल्ली/ब्यूरो
Updated Sun, 16 Jun 2013 11:13 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक अधिकारियों के लिए अच्छी खबर है।
विज्ञापन
बैंक में अब ज्यादा अधिकारियों को प्रोमोशन का लाभ मिल सकेगा। अधिकारियों के पास जनरल मैनेजर के साथ-साथ डीजीएम और एजीएम बनने का पहले से ज्यादा मौके आने वाले हैं।
वित्त मंत्रालय ने एसबीआई को छोड़कर देश के सभी सार्वजनिक बैंकों में कुल 442 जनरल मैनेजर पद की मंजूरी दे दी है। मंत्रालय ने बैंक के कारोबार के आधार पर पदों की मंजूरी दी है। ऐसे में जिन बैंकों में नए मानकों के आधार पर जीएम नहीं होंगे, वहां नए अधिकारियों को मौका मिलने वाला है।
विज्ञापन
नए फार्मूले के तहत पंजाब एंड सिंध बैंक में कुल 12, देना बैंक, विजया बैंक, यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ महाराष्ट्र में 13, आंध्रा बैंक में 16, इंडियन बैंक में 18, कॉरपोरेशन बैंक में कुल 20 जनरल मैनेजर के पद होंगे।
विज्ञापन
इसी तरह बैंक ऑफ बड़ौदा में 43, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया में 29, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया में 26, यूको, इलाहाबाद बैंक और ओबीसी में कुल 21 जनरल मैनेजर होंगे। वहीं सिंडिकेट बैंक में 22, इंडियन ओवरसीज बैंक में कुल 24 जनरल मैनेजर होंगे।
वित्त मंत्रालय के अधिकारी के अनुसार पंजाब नेशनल बैंक में 41, बैंक ऑफ इंडिया और केनरा बैंक में 38 पदों की मंजूरी दी गई है। हालांकि इन तीनों बैंकों में पहले से ही इतने जनरल मैनेजर नियुक्त हैं।
वित्त मंत्रालय के अधिकारी के अनुसार तीन बैंकों के अलावा सभी बैंकों में पदों की संख्या बढ़ेगी, जिसका फायदा निचले स्तर के अधिकारियों को मिलेगा।
मंत्रालय ने एक जीएम पर तीन डीजीएम और नौ एजीएम रखने का फार्मूला रखा है। इसे देखते हुए सार्वजनिक बैंकों में निचले स्तर पर अधिकारियों को प्रमोशन का ज्यादा मौका मिलने वाला है।
वित्त मंत्रालय ने 1,50 लाख करोड़ के कारोबार पर 12 जीएम और उसके बाद चार लाख करोड़ रुपये के कारोबार तक प्रति 18 हजार करोड़ पर एक अतिरिक्त जीएम रखने का फार्मूला अपनाया है।
इससे बड़े बैंकों के लिए प्रति 24 हजार करोड़ रुपये के कारोबार पर एक अतिरिक्त जीएम का फार्मूला तय किया है।