अविरल और स्वच्छ गंगा के लिए लगेंगे 100 अरब डॉलर
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गंगा को फिर से अविरल और स्वच्छ बनाने के लिए करीब 100 अरब डॉलर की भारी-भरकम निवेश की जरूरत है।
सात आईआईटी तैयार कर रही हैं रोडमैप
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इस महत्वाकांक्षी योजना को अमलीजामा पहनाने में कुल 20-25 साल का वक्त लग सकता है। भारी मात्रा में निवेश और लंबी अवधि को देखते हुए मोदी सरकार के लिए पूंजी जुटाने से लेकर, लंबी अवधि की योजना को मूर्त रुप देने की चुनौती होगी। गंगा नदी बेसिन प्रबंधन की रिपोर्ट तैयार करने में अहम भूमिका निभा रहे प्रोफेसर विनोद तारे ने यह बात कही है।
गंगा नदी बेसिन प्रबंधन योजना की तैयार हो रही है रिपोर्ट
ऑस्ट्रेलिया उच्च आयोग द्वारा गंगा सफाई अभियान पर आयोजित कार्यक्रम के दौरान प्रोफेसर तारे ने अमर उजाला को बताया कि हमारा आकंलन है कि गंगा को अविरल और स्वच्छ बनाने के लिए 100 अरब डॉलर के निवेश की जरूरत होगी। आईआईटी कानुपर के प्रोफेसर तारे गंगा नदी बेसिन प्रबंधन योजना के तहत देश की अन्य छह आईआईटी के साथ मिलकर रिपोर्ट तैयार कर रहे हैं। तारे के अनुसार गंगा का तीन चरणों के तहत अहम अध्ययन कर रहे हैं। जिसमें ऊपरी गंगा सेगमेंट (गंगोत्री से लेकर हरिद्वार) में जल विद्युत परियोजनाओं, नदी के प्रवाह का अध्ययन किया गया है। इसकी तरह मध्य गंगा सेगमेंट में मैदानी क्षेत्र, वहां ट्रीटमेंट प्लान लगाने, पानी के उपयोग का अध्ययन और निचला सेगमेंट (डेल्टा क्षेत्र आदि) का अध्ययन किया गया है। हमारा आकंलन है कि इस पूरी योजना को अमल में लाने के लिए 20-25 साल का वक्त लगेगा। ऐसे में सरकार को इस चरणबद्ध तरीके से लागू करना होगा। साथ ही 100 अरब डॉलर निवेश पूंजी जुटाने का भी रोडमैप तैयार करना होगा। जिसमें सरकार के साथ दूसरों की भागीदारी अहम होगी।
प्रमुख हस्तियों के जरिए जागरूकता अभियान
सूत्रों के अनुसार मोदी सरकार गंगा की सफाई के लिए लोगों में जागरूकता अभियान शुरू करने के लिए प्रमुख हस्तियों को भी जोडऩे की तैयारी में है। जिनके जरिए सरकार एक अभियान लांच कर सकती है। जो कि हर तबके को गंगा की सफाई के लिए जागरूक करने में अहम भूमिका निभाएगा।
क्या है गंगा नदी बेसिन प्रबंधन योजना
यूपीए सरकार ने जुलाई 2010 में गंगा नदी के ऊपर रिपोर्ट तैैयार करने का जिम्मा आईआईटी कानपुर, मुंबई, दिल्ली, खडग़पुर, मद्रास, रूड़की, गुवाहाटी को प्रमुख रुप से सौंपा था। जो कि इस साल दिसंबर के अंत तक सरकार को अपनी अंतरिम ड्रॉफ्ट रिपोर्ट सौंप सकती है।